महिला और विकलांग कोच में सफर करने की मनाही के बाद भी मनबढ़ और मनचले सुधर नहीं रहे हैं। गोरखपुर से गुजरने वाली ट्रेनों में रोजाना औसतन चार से पांच लोग महिला और विकलांग कोच में सफर करते पकड़े जा रहे हैं। कार्रवाई की रिपोर्ट देखने के बाद एसपी रेलवे ने गोरखपुर के अलावा देवरिया, बस्ती, मऊ, आजमगढ़ समेत 11 थानाक्षेत्र में अभियान चलाने का निर्देश दिया है।
एसपी रेलवे ने मातहतों को महिला और विकलांग कोच में यात्रा करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने का आदेश दिया है। आदेश मिलने के बाद जीआरपी की ‘एंटी इवटीजिंग’ टीम गोरखपुर, देवरिया, बस्ती का दौरा कर महिला और विकलांग कोच में सफर करने वालों पर कार्रवाई कर रही है। एक महीने से रोजाना औसतन 10 से 15 लोग पकड़े जा रहे हैं। मगर सख्ती के बाद भी मनचले और मनबढ़ों की आदत में बदलाव न होने पर एसपी रेलवे ने गोरखपुर के अलावा अनुभाग के सभी थानेदारों से अपने क्षेत्र में अभियान चलाने का निर्देश दिया है और कहा है कि महिला और विकलांग कोच में सफर करते पकड़े जाने वाले लोगों से जुर्माना न देने पर उन्हें रेलवे एक्ट के तहत कार्रवाई के लिए आरपीएफ के हवाले कर दिया जाए।
200 से अधिक लोगों पर हो चुकी है कार्रवाई
जीआरपी की ‘एंटी इवटीजिंग’ टीम एक महीने में 200 से अधिक लोगों पर कार्रवाई कर चुकी है। महिला, विकलांग कोच में सफर करते पकड़े गए लोगों से 100 रुपये जुर्माना वसूला गया। जिन लोगों ने जुर्माना नहीं दिया उन्हें आरपीएफ ने रेलवे एक्ट के तहत कार्रवाई करते हुए कोर्ट में पेश किया गया।
महिला और विकलांग यात्रियों की परेशानी को दूर करने के लिए अभियान चलाया गया है। एंटी इवटीजिंग टीम के साथ ही जीआरपी के सभी थानेदार स्टेशन पर रुकने वाली सभी ट्रेनों के महिला और विकलांग कोच को चेक करेंगे। पकड़े गए लोगों से जुर्माना वसूलने का निर्देश दिया है।
- सत्यार्थ अनिरुद्ध पंकज, एसपी रेलवे गोरखपुर