गोरखपुर। रीड साहब धर्मशाला स्थित एबीवीपी दफ्तर के पास छात्रनेता रंजीत सिंह श्रीनेत पर फायरिंग के मामले में पुलिस ने दो अज्ञात बाइक सवारों पर हत्या की कोशिश, आर्थिक क्षति पहुंचाने की धाराओं में केस दर्ज किया है। हालांकि कैंट पुलिस की अब तक की जांच में मामला संदिग्ध ही लग रहा है। पुलिस के मुताबिक घटनास्थल से थोड़ी दूर स्थित एक डॉक्टर की क्लीनिक के सीसीटीवी कैमरे की फुटेज को भी खंगाला गया है लेकिन उसमें कोई ऐसी गतिविधि रिकॉर्ड नहीं हुई है। पुलिस बदमाशों के भागने वाले रास्ते पर लगे अन्य कैमरों की फुटेज भी खंगालेगी।
सोमवार की रात करीब एक बजे छात्रनेता रंजीत सिंह अपने समर्थकों के साथ अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (एबीवीपी) के दफ्तर गए थे। रात में वह पैडलेगंज निवासी मनीष सिंह के साथ किसी काम से निकले और फिर रात को दफ्तर की ओर लौट रहे थे। एडीजी दफ्तर के सामने वाली गली में ही उनपर हमला हुआ। छात्रनेता के मुताबिक सामने से हेलमेट लगाए बाइक सवार दो बदमाशों ने ताबड़तोड़ फायरिंग की और फरार हो गए थे। संयोग अच्छा था कि गोली छात्रनेता या उनके समर्थक को नहीं लगी। घटना की सूचना मिलने पर कैंट पुलिस के साथ ही आला अफसर भी मौके पर पहुंच गए थे। सीओ कैंट प्रभात राय ने बताया कि तहरीर के आधार पर अज्ञात हमलावरों पर केस दर्ज कर पुलिस जांच कर रही है। प्रथम दृष्टया मामला संदिग्ध लग रहा है। सीसीटीवी कैमरे को भी देखा गया है उसमें कुछ नहीं मिला है। जल्द ही घटना का पर्दाफाश कर लिया जाएगा।