राजन राय
गोरखपुर। ट्रेनों में चोरी, लूट और डकैती की वारदातों में शामिल 54 अपराधी पुलिस के रडार पर हैं। इनमें 12 अपराधी गोरखपुर इलाके के हैं और 29 बिहार के। इन अपराधियों की पांच साल की क्रिमिनल हिस्ट्री आरपीएफ जुटा रही है। इनकी हर गतिविधियों पर नजर रखने के लिए आरपीएफ जवान न सिर्फ उनके घर जाएंगे बल्कि उनके मोबाइल को सर्विलांस पर भी लगाया जाएगा।
महीने भर में ही ट्रेनों में हुई लूट और चोरी की ताबड़तोड़ घटनाओं ने रेल प्रशासन की चिंता बढ़ा दी है। इसी सप्ताह डिब्रूगढ़-चंडीगढ़ एक्सप्रेस में लूट हुई थी, जबकि वैशाली एक्सप्रेस में लूट में नाकाम लुटेरों ने महिला को चाकू मार दिया था। दोनों ही घटनाएं गोरखपुर से लखनऊ के बीच हुईं। इन घटनाओं को संज्ञान में लेकर पूर्वोत्तर रेलवे आरपीएफ के आईजी राजाराम ने रेलवे में सक्रिय अपराधियों के धरपकड़ को लेकर सख्ती की है। इसके बाद आरपीएफ के थानों में पिछले पांच सालों से सक्रिय अपराधियों की सूची तैयार कराई जा रही है। 54 सक्रिय अपराधी गोरखपुर आरपीएफ पोस्ट पर चिन्हित किए गए हैं। पिछली कई वारदातों में इनका नाम सामने आया है। आरपीएफ इन अपराधियों की फोटो चस्पा करेगी ताकि स्टेशन और ट्रेनों में भी इन पर नजर रखी जा सके।
आरपीएफ इंस्पेक्टर केएन तिवारी ने बताया कि सभी चिन्हित अपराधियों की गतिविधियों की जानकारी जुटाने के लिए दरोगा को उनके निवास स्थान पर भेजा जाएगा। स्थानीय पुलिस को भी इनकी जानकारी दी जाएगी ताकि इनकी धरपकड़ में मदद मिल सके।
कहां के हैं कितने अपराधी
गोरखपुर : 12
कुशीनगर : 13
पश्चिमी चंपारण : 12
सीवान : 4
छपरा : 3
बेतिया : 5
मोतीहारी : 5