शोहरतगढ़/खुनुवा(सिद्धार्थनगर)। पांच बच्चों की मां सालिहा अब इस दुनिया में नहीं रही। उसे मंगलवार सुबह उसके पति कयूमुद्दीन उर्फ कयूम ने मौत के घाट उतार दिया। उसका कुसूर बस इतना था कि उसने अपने पति के खिलाफ पुलिस में शिकायत की थी। इस पर पुलिस ने उसे समझा कर घर भेजा और मंगलवार सुबह दोनों पक्षों को सुलह के लिए थाने आने को कहा।
थाना क्षेत्र के ग्राम पंचायत बगहवा के टोला मधवापुर की सालिहा मंगलवार थाने जाने की तैयारी कर रही थी। इसके लिए वह गांव के कुछ लोगों को साथ चलने के लिए बुलाने गई थी। इस बात की जानकारी होते ही कयूम आपे से बाहर हो गया और पत्नी को खींचकर घर ले आया। वह सालिहा से मारपीट करने लगा। महिला ने किसी तरह खुद को छुड़ाया और बाहर की ओर भागी, लेकिन कयूम छुरा लेकर उसके पीछे दौड़ा और ताबड़तोड़ कई वार कर उसे मौत के घाट उतार दिया। घटना को अंजाम देने के बाद वह मौके से फरार हो गया।
ग्रामीणों की सूचना पर पीआरवी टीम व एसओ मौके पर पहुंचे और शव को कब्जे मेें लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा। पुलिस ने घटनास्थल से कुछ ही दूरी से उस छुरे को बरामद कर लिया है जिससे सालिहा (28) की हत्या की गई। मृतका के चाचा दीनुल हसन की तहरीर पर पुलिस ने पति व ससुर जैश मोहम्मद पर हत्या का मुकदमा दर्ज कर लिया है। पुलिस आरोपी की तलाश में जुट गई है। घटना की सूचना पाकर सीओ शिव सिंह व खुनुवा चौकी इंचार्ज महेश सिंह ने भी मौके पर पहुंचे और लोगों से पूछताछ की। सीओ शिव सिंह ने बताया कि केस दर्ज कर लिया गया है आरोपियों को जल्द गिरफ्तार कर लिया जाएगा। उन्होंने बताया कि सालिहा सोमवार को कार्यालय पर आई थी। दोनों पक्षों को मंगलवार सुबह बुलाया गया था। सीओ के मुताबिक मृतका का पति अक्सर उसे प्रताड़ित करता था।
कयूम ने कर रखी है दूसरी शादी
शोहरतगढ़। सालिहा की हत्या कर फरार हुए कयूम ने एक और शादी कर रखी है। दूसरी शादी के बाद से ही वह पहली पत्नी सालिहा को प्रताड़ित करने लगा था। इस वजह से उसे बच्चों को छोड़कर बार-बार मायके जाना पड़ता था। सोमवार को वह मायके से ही थाने पहुंची थी और पति के खिलाफ शिकायत की थी। इस पर पुलिस ने उसे समझा कर ससुराल भेज दिया और मंगलवार सुबह दोनों पक्षों को सुलह के लिए थाने आने को कहा।
सालिहा का मायका चिल्हिया थाना क्षेत्र के ग्राम अहिरौली में था। उसकी चाची हसबुनिशां ने बताया कि सालिहा के माता-पिता का इंतकाल हो चुका है। करीब 12 वर्ष पूर्व उसका का निकाह कयूमुद्दीन के साथ हुआ था। शुरू में पति-पत्नी के बीच सब कुछ ठीक था। कुछ वर्ष पहले कयूम ने चुपके से दूसरा निकाह कर लिया। इसके बाद से अनबन शुरू गई। हसबुनिशां के मुताबिक दो वर्ष से सालिहा को ससुराल में प्रताड़ित किया जा रहा था। मजबूरन वह बार-बार मायके चली आती थी, लेकिन बच्चों के लिए वह फिर से ससुराल लौट जाती थी। ससुराल पहुंचते ही फिर उसके ऊपर जुल्म शुरू हो जाता था।
सोमवार को सीओ कार्यालय पहुंची थी सालिहा
सालिहा ने सोमवार मायके वालों के साथ सीओ कार्यालय पहुंचकर न्याय की गुहार लगाई थी। इस दौरान पुलिस ने उसे समझाकर ससुराल भेज दिया और मंगलवार सुबह दोनों पक्षों को आने को कहा। मंगलवार सुबह वह नमाज अदा कर रहे लोगों को साथ थाने चलने के लिए बुलाने गई। तभी पति उसे पकड़ कर घर ले आया और पीटना शुरू कर दिया और छुरे से वार कर मार डाला।
तमाशबीन बने रहे गांव के लोग
कयूम जिस समय सालिया पर छुरे से वार कर रहा था उस समय वहां गांव के कई लोग थे, लेकिन सभी तमाशबीन बने रहे। पति के हाथ में छुरा देख किसी की पास जाने की हिम्मत नहीं हुई। ऐसे में कयूम पत्नी को मौत के घाट उतार कर आसानी से फरार हो गया। पुलिस उसे तलाश रही है।