गोंडा। पावर कॉर्पोरेशन अब बिलिंग प्रणाली मजबूत करने जा रहा है। आगामी 11 अगस्त से बिलिंग के लिए लेटेस्ट प्रणाली का इस्तेमाल होगा। जिसके बाद मीटर रीडर मौके पर जाकर न सिर्फ अपडेटेड विद्युत बिल देंगे बल्कि भुगतान की राशि भी जमा करेंगे। शहरी व ग्रामीण इलाकों की अलग-अलग बिलिंग में लगने वाले अधिक समय की बचत होगी।
देवीपाटन मंडल के 14 लाख से अधिक उपभोक्ताओं की सीमित संसाधनों के चलते पुरानी बिलिंग प्रणाली के चलते तमाम दुश्वारियां हैं। ऐसे में सभी उपभोक्ताओं को समय पर विद्युत बिल नहीं मिल पा रहा है। इससे मीटर रीडिंग के साथ ही मौके पर बिल जमा करने की व्यवस्था कारगर साबित नहीं हो पा रही है। मौजूदा बिलिंग प्रणाली से 24 घंटे में उपभोक्ताओं का विद्युत बिल अपडेट हो पाता है। वहीं, शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों के लिए अलग-अलग बिलिंग प्रणाली के चलते विभाग को महीने भर में पूरा डाटा तैयार कर पाने में मुश्किलें होती है। ऐसे में उपभोक्ताओं की बिलिंग न होने से शिकायतें रहती हैं। ऐसे में अब बिलिंग सॉफ्टवेयर के अपडेटेड वर्जन का इस्तेमाल किया जाएगा।
अभियंताओं ने बताया कि पावर कॉर्पोरेशन बिलिंग के लिए मौजूदा समय में ओरिकल 2.2 का इस्तेमाल कर रहा है। इसी से शहरी इलाके की बिलिंग होती है। ग्रामीण इलाके लिए लिए दूसरे सॉफ्टवेयर का इस्तेमाल किया जाता है। ऐसे में दोनों को ओरिकल के 2.8 वर्जन पर शिफ्ट किया जाएगा। जो कि क्लाउड बेस होने के साथ ही बेहद सुविधाजनक है।
फॉल्ट की जानकारी पा सकेंगे उपभोक्ता
पावर कॉर्पोरेशन के अधिकारियों का दावा है कि विद्युत बाधित होने, फीडर ब्रेकडाउन समेत अन्य गतिविधियों को लेकर जेई तत्काल उपभोक्ताओं के नंबर पर एक ही बार में जानकारी दे सकेंगे। इसके लिए उपभोक्ताओं से सॉफ्टवेयर अपडेशन के साथ ही सही मोबाइल नंबर लिया जाएगा। इस दौरान अवर अभियंता घंटे व मिनट तक में जानकारी दे सकेंगे।
एक क्लिक पर अधिकारी देख सकेंगे डाटा
अधिकारियों ने बताया कि लेटेस्ट वर्जन में शहरी व ग्रामीण इलाके की जानकारी उच्चाधिकारियों को एक्सईएन और एसडीओ स्तर से हासिल करनी पड़ती है। मगर लेटेस्ट वर्जन आने के बाद मुख्य अभियंता तक एक क्लिक पर जरूरी जानकारी हासिल कर सकेंगे। अधिकारियों का दावा है कि मॉनिटरिंग प्रणाली भी अपडेट सॉफ्टवेयर से मजबूत हो जाएगी।
नहीं करनी पड़ेगी अलग-अलग बिलिंग
बिलिंग के लिए अभी रोक लगाई गई है। लेटेस्ट सॉफ्टवेयर पर बिलिंग व्यवस्था शिफ्ट की जा रही है। आगामी 11 अगस्त से एक बार फिर बिलिंग शुरू हो जाएगी। लेटेस्ट सॉफ्टवेयर में रियल टाइम सुविधा के कारण उपभोक्ताओं का बिल तुरंत अपडेट होगा। मीटर रीडर अब बिल निकालने के साथ ही भुगतान भी जमा कर सकेगा। विभाग को शहरी व ग्रामीण इलाकों की अलग-अलग बिलिंग नहीं करनी पड़ेगी।
दीपक अग्रवाल, मुख्य अभियंता