गोंडा। बदलते मौसम में बीमारियां बढ़ रही हैं। ग्रामीण क्षेत्रों में मरीजों को प्राथमिकता के आधार पर समुचित उपचार प्रदान करें। सभी अधीक्षक स्थानीय सीएचसी पर ही रात्रि निवास करें। बुखार के मरीजों की डेंगू जांच प्राथमिकता के आधार पर कराई जाए। ये बातें सोमवार को जिला स्वास्थ्य समिति की बैठक में जिलाधिकारी नेहा शर्मा ने कहीं। उन्होंने खराब प्रगति वाली स्वास्थ्य योजनाओं के नोडल अधिकारी व डॉक्टरों को अंतिम चेतावनी देते हुए सुधार के निर्देश दिए। डीएम ने जननी सुरक्षा योजना, बाल स्वास्थ्य व मातृ स्वास्थ्य कार्यक्रम, प्रेग्नेंसी, ओपीडी, आईपीडी, आरसीएच पोर्टल पर फीडिंग, एनआरसी में भर्ती बच्चों की स्थिति राष्ट्रीय कुष्ठ नियंत्रण कार्यक्रम सहित अन्य स्वास्थ्य योजनाओं की समीक्षा की। इस दौरान सीडीओ अंकिता जैन, सीएमओ डॉ. रश्मि वर्मा, एसीएमओ डॉ. आदित्य वर्मा, डॉ. सीके वर्मा, डॉ. अनिल तिवारी, डॉ. देवेंद्र सिंह आदि मौजूद रहे।