अधिवक्ता रवि प्रकाश पांडेय की फाइल फोटो। संवाद
गोंडा। जिले के वरिष्ठ अधिवक्ता रविप्रकाश पांडेय (55) का आकस्मिक निधन हो गया। मंगलवार को हार्ट अटैक के बाद उन्हें लखनऊ स्थित अपोलो अस्पताल में भर्ती कराया गया था। बुधवार सुबह इलाज के दौरान उन्होंने दम तोड़ दिया।
शहर के पटेलनगर निवासी रवि प्रकाश पांडेय शुरू से ही जुझारू थे। मंडलायुक्त कार्यालय व न्यायालय के निर्माण के आंदोलन से लेकर भूमि घोटाले में जिले के बड़ों को घेरने में वह हमेशा अग्रणी भूमिका में रहे। वह बार कौंसिल की अनुशासन समिति के सदस्य भी रह चुके हैं। डोमाकल्पी में ही राज्य विश्वविद्यालय के निर्माण के आंदोलन में भी वह साथ रहे।
जिले में भूमि घोटाले के मामलों में रवि प्रकाश खुलकर सामने आ गए थे। उन्होंने कैसरगंज सांसद बृजभूषण शरण सिंह व उनके प्रतिनिधि संजीव सिंह को मामले में घेरा था। यही नहीं वह महिला पहलवानों के आंदोलन में समर्थन देने जंतर-मंतर पहुंच गए थे। उन्होंने कैसरगंज सांसद पर अब तक दर्ज मुकदमों की सूची भी सोशल मीडिया पर जारी की थी। इसके बाद उन्होंने अपनी जान को खतरा बताया था।
रवि प्रकाश पांडेय के अंतिम दर्शन के लिए पटेलनगर स्थित आवास पर लोगों की भीड़ जुटी रही। जिला जज ब्रजेंद्र मणि त्रिपाठी, तरबगंज विधायक प्रेम नरायन पांडेय, पूर्व विधायक बैजनाथ दूबे, भाजपा जिलाध्यक्ष अमर किशोर कश्यप, दीपक अग्रवाल, भाजपा नेता महेश तिवारी, रुचि मोदी, श्रीकांत पांडेय, सपा नेता सूरज सिंह, पूर्व चेयरमैन निर्मल श्रीवास्तव, डीजीसी (क्रिमिनल) बसंत शुक्ल, केके द्विवेदी आदि ने आवास पर पहुंचकर रवि प्रकाश को श्रद्धांजलि अर्पित की।