तरबगंज (गोंडा)। तरबगंज थानाक्षेत्र के अमदही क्षेत्र के चिवरहा में राम विवाह देखने गए युवक जगदेव विश्वकर्मा (25) की चाकू मारकर हत्या करने के मामले में दोबारा पोस्टमार्टम कराया गया। तीन डॉक्टरों के पैनल ने रविवार की रात वीडियोग्राफी के बीच शव का दोबारा परीक्षण किया।
जबकि इससे पहले शनिवार की रात मृतक के परिजनों ने पुलिस पर लीपापोती करने का आरोप लगाते हुए चौराहे पर शव रखकर प्रदर्शन किया था। रात 12 बजे मौके पर पहुंचे अपर पुलिस अधीक्षक ने कार्रवाई का आश्वासन देकर मामला शांत कराया था।
बता दें कि शुक्रवार की रात चिवरहा में चल रहे राम विवाह महोत्सव देखने गए अमदही निवासी जगदेव विश्वकर्मा को कुछ लोगो ने चाकू मारकर घायल कर दिया था। मेडिकल कॉलेज में डाॅक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
हमले के दौरान मृतक के गांव का मोहन भी बीच-बचाव के दौरान जख्मी हो गया था। पुलिस ने आननफानन मृतक के मामा के बेटे राजेंद्र शर्मा की तहरीर पर तीन के खिलाफ देर रात रिपोर्ट दर्ज की थी।
सुबह मृतक के पिता शिवदयाल ने थाने में तहरीर देते हुए चाकू से हमला कर हत्या करने के मामले में ताराडीह निवासी तीन भाइयों राजू, राजन व राकेश के खिलाफ नामजद तहरीर दी।
आरोप है कि इसके बाद भी पुलिस ने धारा नहीं बदली। देर शाम शव पोस्टमार्टम हाउस से अमदही बाजार पहुंचा, जहां ग्रामीणों ने पुलिस पर मामले में लीपापोती करने का आरोप लगाते हुए प्रदर्शन शुरू कर दिया। जिसके चलते पुलिस ने दोबारा शव का पोस्टमार्टम कराया।
पैनल में पुराने डॉक्टर का किया विरोध
युवक की हत्या के बाद परिजनों की मांग पर रविवार दोपहर दोबारा पोस्टमार्टम की कार्रवाई शुरू हुई, लेकिन इसी बीच परिजनों ने पैनल में मौजूद पहले वाले डॉक्टर को हटाने के लिए विरोध शुरू कर दिया। इसके बाद सीएमओ ने नया पैनल गठित किया। जिला मजिस्ट्रेट नेहा शर्मा के आदेश पर रात को पोस्टमार्टम कराया गया।
हल्की धारा लगाने पर गुस्साए परिजन
चाकू मारकर हत्या किए जाने के मामले में पुलिस ने पहले धारा 308 के तहत मामला दर्ज किया तो परिजन नाराज हो गए। हत्या की धारा लगाने की मांग कर रहे थे। पुलिस ने गैर इरादतन हत्या की धारा 304 लगाने का आश्वासन दिया और पोस्टमार्टम में कंटीले तार व रक्तस्राव का हवाला दिया। इससे परिजनों का गुस्सा और बढ़ गया। परिजन चौराहे पर शव रखकर प्रदर्शन करने लगे और दोबारा पोस्टमार्टम की मांग की।
सीने व पेट पर चाकू के चार के पांच घाव के निशान मिले
मृतक जगदेव के पिता शिवदयाल ने बताया कि बेटे के शरीर पर आरोपियों ने चाकू से चार से पांच वार किए थे। इसमें सीने पर एक व कंधे के नीचे दो घाव हैं, जबकि कमर के पास पेट के निचले हिस्से पर एक गहरा घाव है। घटना के बाद उसे सीएचसी से पहले अमदही बाजार स्थित एक निजी अस्पताल ले जाया गया था। अस्पताल के चिकित्सक डॉ. सुनील सिंह ने बताया कि पेट के निचले हिस्से में गहरा घाव होने से ब्लीडिंग नहीं रुक रही थी, जिसके चलते अस्पताल स्टाफ ने पुलिस के कहने पर टांका लगा दिया था।
बुजुर्ग पिता का सहारा था जगदेव
मृतक के पिता शिव दयाल ने बताया कि पत्नी की मौत पहले ही हो चुकी है। दो बड़े बेटे नानबाबू व बृजेश की शादी हो चुकी है। नौकरी पेशे के चक्कर में परिवार के साथ नासिक में रहते हैं। छोटा बेटा अर्जुन भी बड़े भाइयों के साथ नासिक में रहता था, जो घटना के बाद गांव आया है। मृतक का तीसरा बेटा जगदेव ही घर पर था, जो कि देखभाल करता था व मजदूरी कर खाने का इंतजाम करता था। उसकी मौत से वह पूरी तरह से टूट चुके हैं।
आरोपियों की तलाश में जुटी पुलिस टीमें
अमदही कस्बे में शव वाहन के सामने प्रदर्शन कर रहे ग्रामीणों को देर रात पहुंचकर शांत कराया गया। शव को दोबारा परीक्षण के लिए पोस्टमार्टम हाउस भेज दिया गया है। रिपोर्ट आने के बाद दर्ज मामले में समुचित कार्रवाई की जाएगी। आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए टीमें लगाई गई हैं। -संजय तलवार, सीओ, तरबगंज