करनैलगंज (गोंडा)। अपनी अवस्था पूरी कर चुके सरयू पुल की डेढ़ वर्ष में दूसरी बार मरम्मत हो रही है। इससे रोडवेज बस से यात्रा और खाद्य पदार्थों से लेकर अन्य जरूरी सामग्री के दामों में वृद्धि हो गई है। माल भाड़े की ढुलाई के दामों में बढ़ोतरी का सीधा असर आवश्यक वस्तुओं पर पड़ने लगा है। डायवर्जन से करोड़ों रुपये की लागत से बनी सड़कें उजड़ रही हैं। इधर, डीएम ने कार्यदायी संस्था को जल्द मरम्मत कार्य पूरा करने के निर्देश दिए हैं।
अक्टूबर 2021 में भी इस पुल में दरार आ जाने से करीब एक माह तक यातायात बाधित रहा। उस समय मरम्मत कार्य में विभाग द्वारा लाखों रुपये खर्च किया गया। एक माह के लिए करनैलगंज से शाहपुर जाने वाले मार्ग, भौरी गंज से शाहपुर एवं चचरी मार्ग, लखनऊ रोड पर नारायनपुर मांझा होते हुए कैसरगंज मार्ग पर यातायात डायवर्ट किया गया था।
इन मार्गों भारी यातायात होने से सड़क की स्थिति बेहद खराब हो गई जिसे अब तक ठीक नहीं कराया गया। एक बार फिर सरयू पुल में आई खराबी से करीब 2 माह से अधिक समय के लिए यातायात बाधित करने की अचानक तैयारी कर ली गई।
दूसरी ओर इस बार बड़े वाहनों का आवागमन कैसरगंज हुजूरपुर होते हुए करनैलगंज से गोंडा व भौरीगंज होते हुए गोंडा, शाहपुर होते हुए करनैलगंज के लिए डायवर्ट किया गया है। जिससे करीब 30 किलोमीटर से अधिक की दूरी वाहनों को तय करना पड़ता है। जिसके कारण माल भाड़े की ढुलाई भी महंगी कर दी गई है।
लखनऊ की तरफ से करनैलगंज आने वाले 50 रुपये प्रति 50 किलो के बंडल का किराया अब 70 रुपये कर दिया गया है। प्रति क्विंटल 80 रुपये का भाड़ा मौजूदा समय में 110 रुपये से अधिक कर दिया गया है। जो लोगों की समस्या बन गया है और इसका सीधा प्रभाव अब खुदरा होने वाले खाद्य पदार्थों पर भी पड़ने लगा है।
सब्जियों के भी दाम बढ़े
सब्जियों के दाम भी बढ़ गए हैं। 800 रुपये क्विंटल बिकने वाला आलू भाड़ा बढ़ोतरी के कारण 950 रुपये पहुंच गया है। 250 रुपये कैरेट बिकने वाला टमाटर मौजूदा समय में 350 का कैरेट हो गया है। वहीं छोटे वाहनों से करनैलगंज से जरवल की यात्रा 10 रुपये से 15 रुपये में होती थी। अब 20 रुपये से 25 रुपये में हो गई है।
उधर पुल के मरम्मत का कार्य 2 माह से अधिक समय तक होने की संभावना है, जिससे सहालग के इस मौसम में लोगों को परेशानी होने के साथ-साथ महंगाई की मार से भी जूझना पड़ेगा।