गोंडा। भाजपा सांसद कीर्तिवर्धन सिंह उर्फ राजा भैया ने सोमवार को स्थानीय सीएचसी पर औचक निरीक्षण कर अधीक्षक को जमकर फटकार लगाई। उन्होंने अधीक्षक से साफ कहा कि विगत दिनों डॉक्टर की लापरवाही के चलते हुई टीबी मरीज की मौत के मामले में जिम्मेदारी तय की जाएगी। सांसद ने सीएमओ को फोन करके लापरवाही बरतने वाले डॉक्टरों व स्वास्थ्यकर्मियों को स्थानांतरित करने की सिफारिश की।
विगत दो सितंबर को मनकापुर सीएचसी में कर्मचारियों के प्रदर्शन के दौरान इलाज न मिलने से टीबी के एक मरीज की मौत हो गई थी। ‘अमर उजाला’ ने ‘समय से नहीं मिला इलाज, मरीज ने तोड़ा दम’ शीर्षक से इसकी खबर प्राथमिकता से प्रकाशित की थी। खबर को संज्ञान में लेते हुए सांसद कीर्तिवर्धन सिंह उर्फ राजा भैया ने सोमवार को सीएचसी का औचक निरीक्षण किया।
निरीक्षण में कई अव्यवस्थाएं सामने आईं। इस पर सांसद ने अधीक्षक डॉ. डीके भास्कर को फटकार लगाते हुए सुधार के निर्देश दिए। सांसद ने सीएमओ डॉ. रश्मि वर्मा को फोन करके टीबी मरीज की मौत के मामले में जवाबदेही तय करने की बात कही। उन्होंने स्थानीय सीएचसी से लापरवाह डॉक्टरों व कर्मचारियों को स्थानांतरित करने की सिफारिश की। सांसद ने मुख्यमंत्री से मुलाकात कर जिले की स्वास्थ्य सेवाओं की बदहाली से अवगत कराने की बात कही है।
सांसद का कड़ा रुख देखकर सीएमओ रश्मि वर्मा व एसीएमओ एपी सिंह, आदित्य वर्मा सीएचसी मनकापुर पहुंचे। सांसद प्रतिनिधि यूपी सिंह, अधीक्षक डीके भास्कर व अन्य संबंधित कर्मचारियों से एक घंटे तक वार्ता करने के बाद सीएचसी का निरीक्षण किया। अधीक्षक को बिजली, शौचालय की साफ-सफाई जल्द से जल्द कराने के निर्देश दिए। इस दौरान सफाई कर्मी को फटकार भी लगाई।
सीएमओ ने बताया कि कुछ कर्मियों का पटल परिवर्तन किया जाएगा। धरना-प्रदर्शन कर ज्ञापन में हस्ताक्षर करने वाले कर्मियों का वेतन रोका जाएगा। झगड़े की जड़ वाले दो लोगों को हटाया जाएगा। एक कर्मचारी का इंक्रीमेंट रोका जाएगा।