गोंडा। एलबीएस डिग्री कॉलेज में साहित्यकारों का सम्मेलन हुआ। जिसमें पुस्तकों का विमोचन व सम्मान किया गया। साहित्यकार सूर्यपाल सिंह की ग्रंथावली के दो खंड, यज्ञदेव पाठक गोनर्दीय के कितने तेरे रूप, प्रो. शैलेंद्र नाथ मिश्र की ललित निबंध संवेदना और शिल्प और प्रो. जय शंकर तिवारी के दो दशकों के बीच पुस्तकों का विमोचन हुआ।
कार्यक्रम में यज्ञदेव पाठक नीरज गोनर्दीय, डॉ. निशा गहलौत, गणेश तिवारी, अरुण प्रकाश पांडेय, वीसी एचएनके श्रीनिवास राव, मुजीब अहमद सिद्दीकी, महराजदीन पांडेय, डॉ. श्री नारायण तिवारी, डॉ. सुभाष राय, आनंदस्वरूप आनंद, पवन बख्शी और डॉ. अनिल गौड़ को साहित्यश्री सम्मान से नवाजा गया। इस अवसर पर हम क्यों लिखते हैं विषय पर संवाद का आयोजन हुआ। जिसमें साहित्यकारों ने विचार रखे। संस्कृत लेखक महराजदीन पांडेय ने कहा कि लेखक शिवत्व और लोकमंगल के लिए लिखता है। मुजीब अहमद सिद्दीकी ने कहा कि लेखन का मकसद महक फैलाना है।