गोंडा। कटरा बाजार थाना क्षेत्र में छह साल पूर्व हुई हत्या और गैर इरादतन जानलेवा हमले के मामले में न्यायालय ने शनिवार को फैसला सुनाया। इसमें दोषी तीन सगे भाइयों व एक भतीजे को आजीवन कारावास और 56 हजार रुपये जुर्माने से दंडित किया है।
सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता (फौजदारी) अभिनव चतुर्वेदी ने बताया कि कटरा बाजार के ग्राम खिंदौरा निवासी लल्लू ने थाने में सूचना देकर कहा कि 17 जुलाई 2017 को रात नौ बजे गांव के ही रामरूप उर्फ बड़के मुना, उसके भाई ललितराम, माधवराज व ललितराम के पुत्र राम सजन उसके छप्पर में लगी टटिया उजाड़ने लगे। मना करने पर अपशब्द कहते हुए भाई राम केवल और राम छबीले पर लाठी व कुल्हाड़ी से हमला कर दिया। इससे दोनों को गंभीर चोटें आईं। दोनों को जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया जहां रामकेवल ने दम तोड़ दिया। पुलिस ने आरोपी रामरूप उर्फ बड़के मुना, ललितराम, माधवराज व राम सजन के खिलाफ केस दर्ज कर विवेचना की और हत्या व गैर इरादतन जानलेवा हमले का पुख्ता साक्ष्य मिलने पर चारों आरोपियों के खिलाफ न्यायालय में आरोप पत्र दाखिल किया।
ट्रायल के दौरान न्यायालय ने चारों अभियुक्तों को दोषसिद्ध किया। शनिवार को मामले में निर्णय सुनाते हुए अपर सत्र न्यायाधीश-2 डॉ. दीनानाथ-तृतीय ने रामरूप उर्फ बड़के मुना, ललितराम, माधवराज व राम सजन को सश्रम आजीवन कारावास और 56-56 हजार रुपये अर्थदंड से दंडित किया। अदालत ने अधिरोपित कुल जुर्माने की आधी धनराशि मृतक रामकेवल की पत्नी सुनीता और 25 फीसदी धनराशि घायल रामछबीले को प्रतिकर के रूप में अदा करने का आदेश दिया है।