गोंडा। नवाबगंज ब्लॉक के नरेंद्रपुर व वजीरगंज के चकपान गांव में कोटेदार के चयन को लेकर बुधवार को खुली बैठक बुलाई गई। बैठक में विवाद होने से चयन प्रक्रिया पूरी नहीं हो सकी। ऐसे में ग्रामीणों को मायूसी हाथ लगी।
क्षेत्र में पंचायत चुनाव के बाद नरेंद्र पुर गांव कोटा दौलतपुर से अलग कर दिया गया। नई दुकान के चयन के लिए बुधवार को गांव में खुली बैठक बुलाई गई। जिसमें दो लोगों ने आवेदन किया। ग्रामीणों का कहना था कि दोनों प्रत्याशियों के बीच मतदान कराकर कोटेदार का चयन कर दिया जाए, लेकिन गांव की प्रधान सरिता देवी के बैठक में न पहुंचने से सचिव ने बैठक स्थगित कर दी। जिससे ग्रामीण भड़क गए और हंगामा करने लगे।
ग्रामीणों का कहना है कि मिलीभगत करके बैठक स्थगित कराई गई है। ग्रामीणों ने इसकी शिकायत जिलाधिकारी से की है। वहीं, वजीरगंज ब्लॉक के चकपान गांव में बैठक स्थल विवाद के चलते उचित दर विक्रेता की चयन प्रक्रिया स्थगित हो गई। एसडीएम तरबगंज शत्रुघ्न पाठक ने बताया कि जांच करके कार्रवाई की जाएगी।
उचित दर की दुकान चयनित
वजीरगंज (गोंडा)। क्षेत्र के रायपुर के प्राथमिक विद्यालय परिसर में बुधवार को उचित दर विक्रेता का चयन किया गया। चयन में मनोज सिंह व रूबी प्रत्याशी रहे। ग्राम पंचायत के 301 लोगों ने मनोज सिंह का समर्थन किया। वहीं रूबी के पक्ष में 92 लोग रहे। मनोज सिंह 209 मतों से कोटेदार चयनित हुए। चयन में एडीओ पंचायत केके तिवारी, एडीओ आईएसबी दयानंद सिंह, सचिव जगदीश नरायन मिश्र, थानाध्यक्ष चंद्र प्रताप सिंह, एसआई आशीष वर्मा, शरद अवस्थी, आशीष यादव, ग्राम प्रधान जितेंद्र सिंह मौजूद रहे।