फोटो-12 गोंडा में परसपुर के बेलवा नोहर में आयुष्मान कार्ड बनाता आरोग्यमित्र। -संवाद
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गोंडा। आयुष्मान भारत योजना के तहत भवन एवं सन्निर्माण श्रमिकों का गोल्डन कार्ड बनाए जाने में सर्वर की समस्या आड़े आ रही है। बीती 25 जुलाई से 14 अगस्त तक विशेष अभियान चलाकर 78 हजार श्रमिकों का गोल्डन कार्ड बनाए जाने का लक्ष्य रखा गया है। सर्वर नहीं चलने से गोल्डन कार्ड बनाने वाले पोर्टल में तकनीकी समस्या आ रही है।
प्रधानमंत्री जनआरोग्य योजना तथा मुख्यमंत्री जन आरोग्य योजना के तहत 78,000 पंजीकृत श्रमिकों को पांच लाख रुपये तक मुफ्त इलाज की सुविधा दिए जाने के लिए गोल्डन कार्ड बनाया जाना है। भवन एवं सन्निर्माण श्रमिकों के गोल्डन कार्ड बनाए जाने के लिए विशेष अभियान चलाया जा रहा है।
जिले के 160 संस्थानों पर शिविर लगाकर कार्ड बनाए जाने की शुरुआत की गई, लेकिन पहले दिन से सर्वर की समस्या शुरू हो गई। जिससे गोल्डन कार्ड बनाए जाने में समस्या हो रही है। विभाग को गोल्डन कार्ड का लक्ष्य पूरा करना बड़ी चुनौती साबित हो रहा। मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. रश्मि वर्मा की ओर से पीएमजेएवाई के मुख्य कार्यपालक को पत्र लिखकर सर्वर की समस्या से अवगत कराया गया।
बताया गया कि बीआईएस पोर्टल में आ रही तकनीकी खराबी के कारण लाभार्थियों का गोल्डन कार्ड बनाने में समस्या हो रही है। सर्वर की समस्या से पहले भी अवगत कराया जा चुका है, लेकिन समाधान नहीं हो सका। आयुष्मान भारत के जिला सूचना प्रबंधक अंकित श्रीवास्तव ने बताया कि बृहस्पतिवार शाम से सर्वर में कुछ सुधार है। (संवाद)