गोंडा। सरयू एक्सप्रेस ट्रेन में महिला हेड कांस्टेबिल पर हमले की जांच ने रफ्तार पकड़ ली है। एसटीएफ के बाद शनिवार को जीआरपी गाजीपुर के कोतवाल ने भी मनकापुर प्लेटफार्म खंगाला।
सुल्तानपुर के कोतवाली नगर में तैनात हेड कांस्टेबल सुमित्रा पटेल 30 अगस्त को सुल्तानपुर से अयोध्या मेला ड्यूटी के लिए निकली थी। वह ट्रेन से मनकापुर पहुंच गई। ट्रेन के अयोध्या कैंट रेलवे स्टेशन पहुंचने पर सुमित्रा सीट के नीचे घायल अवस्था में बेहोश मिली थी। जीआरपी अयोध्या ने केस दर्ज कर जांच शुरू की थी। हाईकोर्ट के संज्ञान में लेने के बाद शासन ने एसटीएफ को केस ट्रांसफर कर दिया।
शुक्रवार को डीआईजी रेलवे/एसटीएफ अनंतदेव तिवारी ने टीम के संग पहुंचकर जांच की थी। शनिवार को जीआरपी गाजीपुर सिटी के कोतवाल अखिलेश मिश्र टीम के साथ मनकापुर रेलवे स्टेशन पहुंचे। उन्होंने स्टेशन का कोना-कोना खंगाला। इंस्पेक्टर अखिलेश की टीम ने यहां जीआरपी, आरपीएफ के साथ ही रेलकर्मियों से भी पूछताछ की और प्लेटफार्म नंबर चार पर भी गए।
इंस्पेक्टर अखिलेश मिश्र सितंबर 2020 से नौ माह तक मनकापुर में चौकी प्रभारी जीआरपी के पद पर रह चुके हैं। क्षेत्र के अपराधियों से वाकिफ होने के कारण ही उन्हें जांच में लगाया गया है। जांच के बाद इंस्पेक्टर अखिलेश गाेंडा जीआरपी इंस्पेक्टर दिनेश कुमार सिंह के संग अयोध्या कैंट पर जांच के लिए रवाना हो गए।