गोंडा। मारपीट और गैर इरादतन जानलेवा हमले के दोषी पिता व तीन पुत्रों को अदालत ने सजा सुनाई है। अभियोजन पक्ष के अनुसार मनकापुर के ग्राम देवनाथ (अशरफपुर) निवासी रघुनंदन गिरि ने कोतवाली में प्रार्थनापत्र देकर कहा कि 15 जुलाई 2017 की शाम वह बेटे इंद्र प्रकाश के साथ खेत गए थे। वहां घात लगाए बैठे गांव के ही रामसागर और उसके पुत्र डिलडिल, कमल व पिलपिल ने कुल्हाड़ी और हंसिया से हमला कर दिया। इससे बेटे इंद्र प्रकाश व पत्नी शोभावती को काफी चोटें आईं। दोनों को अस्पताल पहुंचाया है। पुलिस ने केस दर्ज कर विवेचना शुरू की। सुबूत के आधार पर चारों आरोपियों के खिलाफ न्यायालय में आरोप पत्र दाखिल किया। ट्रायल के दौरान अदालत ने चारों को दोषी करार किया। मामले में मंगलवार को निर्णय सुनाते हुए अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश (एफटीसी-नवीन) नम्रता अग्रवाल ने रामसागर और उसके तीनों पुत्रों को पांच-पांच साल के कारावास व 11500-11500 रुपये अर्थदंड से दंडित किया।