तरबगंज (गोंडा)। किसानों पर दर्ज मुकदमे की वापसी व गोवंशों के सरंक्षण को लेकर किसान क्रांति यूनियन के बैनर तले चल रहा किसानों का अनिश्चितकालीन धरना दूसरे दिन मंगलवार देरशाम समाप्त हो गया। एसडीएम शत्रुहन पाठक ने धरना स्थल पर पहुंचकर किसान यूनियन के पदाधिकारियों से वार्ता की। समस्या के निदान के लिए आश्वासन दिया। इसके बाद किसानों ने धरना प्रदर्शन बंद कर दिया। यूनियन के जिलाध्यक्ष राजेश तिवारी, जिला सचिव हरिशंकर पांडेय व समाजसेवी केटी तिवारी के नेतृत्व में लोग धरना दे रहे थे।
एसडीएम ने कहा कि सभी खंड विकास अधिकारियों से अब तक संरक्षित हुए गोवंश व गोआश्रय केंद्रों के स्थिति की रिपोर्ट मांगने के साथ छुट्टा जानवरों को संरक्षित करने के निर्देश दिए गए हैं। वहीं पूर्व जिला पंचायत सदस्य नान बच्चा पांडेय सहित 30 अज्ञात किसानों पर दर्ज मुकदमे की वापसी पर उन्होंने कहा कि प्रकरण उच्चाधिकारियों के संज्ञान में है। उनके निर्देश पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। एसडीएम ने कहा कि गोवंशों के संरक्षण की रिपोर्ट साप्ताहिक या पाक्षिक जैसे किसान संगठन के पदाधिकारी चाहेंगे उपलब्ध कराते रहेंगे।
चरागाह की जमीन का कराएं सीमांकन
किसान क्रांति यूनियन के जिला अध्यक्ष राजेश पांडेय व सचिव हरिशंकर पांडेय ने संयुक्त रूप से एसडीएम को ज्ञापन सौंपा है। जिसमें नगर पंचायत तरबगंज अंतर्गत ग्रामसभाओं के चरागाह की जमीन का सीमांकन कराकर उसे खाली कराने की मांग की है। ग्रामसभा सेमरा, जमालखानी, रामापुर व रानीपुर के चरागाह को इंगित करते हुए उसकी पैमाइश कराकर खाली कराने की मांग की गई है।