गोंडा। परिवार नियोजन के उपाय अपनाने में देवीपाटन मंडल उत्तर प्रदेश में अव्वल आया है। महानिदेशक राष्ट्रीय कार्यक्रम अनुश्रवण एवं मूल्यांकन परिवार कल्याण की ओर से जारी महिला नसबंदी के आंकड़ों में टॉप-10 जनपदों की सूची में देवीपाटन मंडल का बलरामपुर प्रथम और गोंडा द्वितीय स्थान पर रहा। जबकि क्रमश: कुशीनगर, सहारनपुर, बिजनौर, झांसी, हमीरपुर, बदायूं, देवरिया व हापुड़ टॉप-10 की सूची में रहे।
बलरामपुर ने निर्धारित लक्ष्य के सापेक्ष 103.67 प्रतिशत महिला नसबंदी की गई, जबकि विभाग ने गोंडा में 103.64 प्रतिशत लक्ष्य हासिल किया। चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग की प्रथम वरीयता सूची में शामिल अयोध्या और लखनऊ सरीखे जिले परिवार नियोजन के मामले में बेहतर प्रदर्शन नहीं कर सके। देवीपाटन मंडल के ही दो अन्य जिले बहराइच और श्रावस्ती भी कई महानगरों से बेहतर रहे।
अपर निदेशक चिकित्सा एवं परिवार कल्याण डॉ. एचडी अग्रवाल ने कहा कि परिवार नियोजन के मामले में मंडल की उपलब्धि के पीछे सीएमओ, डीपीएम, डीसीपीएम व डिस्ट्रक्टि फैमिली प्लानिंग लॉजिस्टिक मैनेजरों का विशेष योगदान है। आशा, एएनएम व अन्य स्वास्थ्य कर्मचारियों ने भी बेहतर प्रदर्शन किया है।
डीपीएम अमरनाथ कहा कि परिवार नियोजन की स्थायी विधि (नसबंदी) अपनाने वाली महिलाओं को दो हजार रुपये और पुरुषों को तीन हजार रुपये की प्रोत्साहन राशि दी जाती है। वहीं, परिवार नियोजन के लिए प्रेरित करने वाली आशाओं को महिला नसबंदी के लिए तीन सौ रुपये और पुरुष नसबंदी के लिए चार सौ रुपये प्रेरक के रूप में दिए जाते हैं।