बल्लीपुर गांव में एक विवाहिता से अवैध संबंध के कारण युवक को जान से हाथ धोना पड़ा। मांगलिक कार्यक्रम के बाद सोमवार रात महिला को घर छोड़ने जा रहे युवक को रास्ते में महिला ने अपने दो भतीजों के साथ मिलकर काबू किया और गन्ने के खेत में उसका गला रेत दिया।
मंगलवार की सुबह गांव के एक युवक ने गन्ने के खेत में युवक का शव पड़ा देखा तो गांव के लोगों को जानकारी दी। हत्या की सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। इस मामले में युवक के भाई ने महिला व उसके दो भतीजों के खिलाफ थाना नवाबगंज में हत्या की रिपोर्ट दर्ज कराई है।
थाना नवाबगंज क्षेत्र के बल्लीपुर गांव के रहने वाले रमेश सिंह ने बताया कि उसकी चचेरी बहन की 28 फरवरी को शादी थी। इसलिए सोमवार को घर में हल्दी की रस्म में रिश्तेदार व पट्टीदार सभी दावत में आए थे।
रमेश के मुताबिक उसके छोटे भाई विपुल सिंह (18) का इसी गांव के रहने वाले अजय सिंह उर्फ जीका सिंह की पत्नी मीना से नाजायज संबंध था, दोनों के बीच काफी समय से आशनाई चल रही थी। रमेश ने बताया कि हल्दी की रस्म में सोमवार को मीना भी उसके घर आई थी।
खाना खाने के बाद उसका भाई विपुल मीना को छोड़ने उसके घर जा रहा था। तभी मीना ने अपने भतीजे राहुल सिंह व दिग्विजय सिंह के साथ मिलकर विपुल को काबू में किया और सरसों खेत में ले गई। वहां तीनों ने मिलकर विपुल की गला रेतकर हत्या कर दी और शव को छिपाने के लिए पास के गन्ने के खेत में फेंक दिया।
मंगलवार की सुबह गांव को एक युवक इसी गांव के रहने वाले रामफेर के खेत में चारा काटने गया तो उसने शव पड़ा देखा उसके शोर मचाने पर गांव के तमाम लोग वहां एकत्र हो गए। हत्या की सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। इस मामले में रमेश सिंह ने थाना नवाबगंज में मीना पत्नी अजय सिंह उर्फ जीका सिंह उसके भतीजे राहुल सिंह व दिग्विजय सिंह के खिलाफ हत्या व साक्ष्य छिपाने की रिपोर्ट दर्ज कराई
है। थानाध्यक्ष नवाबगंज दद्दन सिंह ने बताया कि रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है। उन्होंने बताया कि एक आरोपी राहुल सिंह को गिरफ्तार कर लिया गया है। अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीम लगाई गई है।
बल्लीपुर गांव में अवैध संबंधों के चक्कर में सोमवार की रात हुई विपुल सिंह की हत्या के बाद पूरा परिवार टूट गया। विपुल भाईयों में सबसे छोटा था। उसके बड़े भाई रमेश ने बताया कि उनके पिता शिवबक्स सिंह का काफी समय पहले ही निधन हो गया था।
वह अपने छोटे भाई विपुल सिंह व माता सार्वित्री देवी के साथ रहता था। विपुल की हत्या ने जहां रमेश को हिलाकर रख दिया है। वहीं विपुल की हत्या से उसकी मां के आंखों का तारा टूट गया। विपुल सबसे छोटा होने के कारण मां का दुलारा बेटा था।