तरबगंज (गोंडा)। क्षेत्र के गौहानी गांव के ग्रामीणों ने दिलेरी दिखाते हुए डाका डालने आए 11 डकैतों को दबोच लिया और धुनाई के बाद पुलिस के हवाले कर दिया। पकड़े गए डकैतों के कई साथी 1.85 लाख की नगदी समेत दो लाख के जेवरात व मोबाइल फोन लूटकर फरार हो गए।
असल में, बुधवार देर रात बेखौफ सशस्त्र डकैतों ने गौहानी गांव के तीन घरों में धावा बोला और परिवार को बंधक बनाकर जमकर लूटपाट की। विरोध पर महिलाओं समेत छह को पीट-पीट कर लहूलुहान कर दिया।
डकैतों की पिटाई से बचने के लिए एक महिला छत से कूद गई। जिससे वह भी गंभीर रूप से घायल हो गई। पुलिस ने डकैतों के पास से 20 हजार नकद व जेवरात बरामद किया है।
थाना तरबगंज क्षेत्र के गौहानी गांव के रहने वाले रामायण पांडेय ने बताया कि बुधवार की रात वह घर के बाहर सो रहे थे, उनकी पत्नी राधा और परिवार के अन्य लोग घर के अंदर सो रहे थे।
जैसे ही पेड़ के नीचे पहुंचा कर दिया हमला
डकैती के बाद थाने पर मौजूद भीड़
- फोटो : amar ujala
रामायण के मुताबिक देर रात 12 बजे आहट पर उनकी नींद खुली तो पास के पीपल के पेड़ के नीचे उन्हें एक व्यक्ति नजर आया। वह जब वहां पहुंचे तो उसके कई साथी आ गए और उन्हें लाठी से मारने लगे।
शोर सुनकर उनकी पत्नी राधा दरवाजा खोलकर बाहर निकली तो डकैतों ने उन्हें मारापीटा और कान का बाला नोच लिया, जिससे उसका कान कट गया और वह घायल हो गई।
रामायण ने बताया कि डकैत मकान बनवाने के लिए घर में रखी 1.70 लाख की नगदी व संदूक उठा ले गए। जिसमें सोने की झुमकी, मटरमाला व पायल थी। रामायण ने लूटे गए जेवरात की कीमत एक लाख रुपये बताई है।
इसी के बाद डकैतों ने पड़ोस के रहने वाले रामायण की भाभी अन्नूपूर्णा देवी पत्नी स्व. शीतला प्रसाद के घर पर धावा बोल दिया।
महिला व बेटी को लाठी से पीटना शुरू कर दिया
लूट का सामान
- फोटो : amar ujala
अन्नपूर्णा ने बताया कि डकैतों ने उन्हें व उनकी बेटी गुड्डा देवी को लाठी से पीटना शुरू कर दिया। डकैतों की मारपीट से बचने के लिए गुड्डा छत से कूद गई। शोर सुनकर गांव के लोग जाग गए तो डकैत यहां से भाग निकले। इसी के बाद डकैतों ने यहां से करीब दो सौ मीटर की दूरी पर दूधनाथ ओझा के घर पर धावा बोल दिया।
दूधनाथ ने बताया कि डकैतों ने पहुंचते ही उन्हें डंडे से मारना शुरू कर दिया, डकैतों ने उनकी बेटी सरिता को मारपीटकर घायल कर दिया। दूधनाथ के मुताबिक डकैत 15 हजार नगदी, सोने की झुमकी, सोने की मटर माला, बिछिया व पायल लूट लिया।
दूधनाथ ने लूटे गए जेवरात की कीमत एक लाख रुपये बताई है। इसी बीच ग्रामीणों ने लाठी-डंडा लेकर घेराबंदी करके 11 डकैतों को पकड़ लिया। ग्रामीणों ने पकड़े गए डकैतों को पुलिस के हवाले कर दिया। इस मामले में रामायण पांडेय ने थाना तरबगंज में डकैती की रिपोर्ट दर्ज कराई है।
थानाध्यक्ष तरबगंज बांके बिहारी सिंह ने बताया कि रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है। डकैती की सूचना पर पुलिस अधीक्षक सुधीर कुमार सिंह ने मौके पर पहुंचकर गांव वालों ने घटना की जानकारी ली। एसपी ने एसओ को मामले का खुलासा करने के निर्देश दिए हैं।