13 दुर्लभ प्रजाति के दुर्लभ सांपों को आरपीएफ ने बरौनी एक्सप्रेस से बरामद किया है। इन सांपों को ले जा रहे चार तस्करों को भी आरपीएफ ने पकड़ा है।
बरौनी-ग्वालियर एक्सप्रेस से चार सपेरे बरौनी से सवार हुए थे।
गोंडा रेलवे स्टेशन पर ट्रेन के पहुंचने पर आरपीएफ के प्रभारी निरीक्षक जवानों के साथ ट्रेन में छानबीन कर रहे थे। कोच नंबर एस-वन व एस-थ्री में कुछ सपेरे संदिग्ध अवस्था में दिखे। वे इधर-उधर छुपने की कोशिश करने लगे। संदेह होने पर प्रभारी निरीक्षक प्रवीण कुमार ने सपेरों से पूछताछ शुरू किया तो वे बातों में उलझाने लगे।
इस पर प्रभारी निरीक्षक ने चारों को ट्रेन से उतार लिया और उच्चाधिकारियों को सूचना दी। रेलवे सुरक्षा बल पोस्ट पर लाकर उनके पास सांपों की डोलची को खुलवाकर चेक किया। उन्होंने देखा कि एक से एक दुर्लभ प्रजाति के सांपों को कैद कर रखा गया है।
सांपों के बारे में जानकारों से पता कराया कि इन सांपों को दुर्लभ प्रजाति घोषित कर रखा गया है और उनके पकड़ने पर रोक है। यही नहीं इन सांपों को संरक्षित किए जाने के आदेश हैं। दुर्लभ प्रजाति के 13 सांप सपेरों की डोलची में पाए गए।
पता करने पर जानकारी हुई कि इन सांपों में चार नाग शामिल हैं, नाग प्रजाति के सांपों को पकड़ने या कैद करने को प्रतिबंधित कर रखा गया है। इसके अलावा सार्वजनिक व भीड़ वाले स्थानों पर इन सांपों को ले जाने पर रोक है।
ऐसे में ट्रेन में यात्रियों के बीच इन दुर्लभ और संरक्षित सांपों को लेकर चलना अपराध के दायरे में आता है। इसी तरह तीन धामिन सांप, दो दो मुंहा सांप, तीन बेहरा, एक कच्छक सांप भी मिले। सपेरों ने आरपीएफ को अपने पेशे का हवाला देकर भ्रमित करने की कोशिश भी की ।
धौंस भी दिखाए कि छोड़ दीजिए, लेकिन आरपीएफ के वरिष्ठ मंडल सुरक्षा आयुक्त अमित प्रकाश मिश्र, सहायक सुरक्षा आयुक्त विपिन कुमार सक्सेना ने कड़ी कार्रवाई के निर्देश दिए और सक्रियता को सराहा। प्रभारी निरीक्षक ने बताया कि पकड़े गए सपेरों ने अपना नाम जंगली नाथ, चिरा नाथ, शर्मन नाथ, हरिलाल बताया। इनके विरुद्व आरपीएफ के रेलवे एक्ट के तहत मुकदमा पंजीकृत किया गया है।
पकड़े गए सपेरे बहुत शातिर थे, एक तो दुर्लभ प्रजाति के सांपों को कैद किए थे। इसके अलावा इन सांपों से दहशत बनाकर पैसे भी वसूल करते थे। ट्रेन के यात्रियों ने बताया कि पूरे रास्ते इन सपेरों ने बहुत परेशान किया।
सांपों को दिखाकर पैसा मांगते थे और आगे बढ़ने को कहे तो सांप सीट पर छोड़ने लगते थे। इससे दो कोच के यात्री परेशान थे। आरपीएफ की कार्रवाई पर यात्रियों ने संतोष जताया कि अब सफर भयमुक्त कर सकेंगे।