गोंडा। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बुधवार को वीडियो काॅन्फ्रेंसिंग से बाढ़ के पूर्व की तैयारियों की समीक्षा की। उन्होंने जिले में की गई तैयारियों की जानकारी ली। जिलाधिकारी डाॅ. उज्जवल कुमार ने तैयार की गई कार्ययोजना के बारे में जानकारी दी। सीएम ने कहा कि बाढ़ से कम से कम नुकसान हो, इसके लिए प्रयास करें। इसके अलावा बाढ़ की स्थिति में राहत और बचाव की तैयारी अभी से मुक्कमल कर लें।
डीएम ने जनपद में बाढ़ के लिहाज से संवेदनशील इलाकों में पूर्व से की गयी तैयारियों की समीक्षा की।साथ ही बंधों, बाढ़ चौकियों, आश्रय स्थलों, बाढ़ के दौरान फैलने वाली संक्रामक बीमारियों आदि के बारे में संबंधित विभागीय अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। जिलाधिकारी द्वारा पंचायतीराज विभाग, पशुपालन विभाग, खाद्य एवं रसद विभाग, जल निगम, विद्युत विभाग, पीडब्ल्यूडी विभाग, सूचना विभाग, सिंचाई विभाग व कृषि विभाग सहित अन्य विभागों के द्वारा अभी तक की गई तैयारियों की जानकारी किया। जिलाधिकारी ने बाढ़ चौकी व शेल्टर होम, नालों की सफाई, पशुओं के टीकाकरण, उनके लिए भूसे की उपलब्धता, आवश्यक दवाओं की व्यवस्था के संदर्भ में भी निर्देश संबंधित अधिकारियों को दिया। उन्होंने कहा कि बाढ़ आते ही राहत सामग्री वितरित होना शुरू हो जाए इसमें कोई भी विलंब नहीं होना चाहिए।
मौसम को लेकर अलर्ट रहने के लिए डीएम ने सभी जिम्मेदारों से और किसानों से मोबाइल में दामिनी एप डाउनलोड कराने की अपील करते हुए सतर्क रहने का निर्देश दिये। बैठक में सिटी मजिस्ट्रेट अर्पित गुप्ता, अपर पुलिस अधीक्षक शिवराज, उप जिलाधिकारी सदर कुलदीप सिंह, तरबगंज शत्रोहन पाठक, मनकापुर आकाश सिंह, कर्नलगंज हीरालाल, जिला आपदा विशेषज्ञ राजेश श्रीवास्तव आदि रहे।