गोंडा। किशोरी के अपहरण व दुष्कर्म के मामले में दोषी किशोर अपचारी समेत तीन अभियुक्तों को न्यायालय ने 20 वर्ष कारावास और 30 हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई है।
अभियोजन पक्ष के अनुसार कौड़िया थाना क्षेत्र की एक महिला ने थाने में तहरीर देकर कहा कि 24 मार्च 2018 को शाम छह बजे उसकी 13 साल की बेटी नित्यक्रिया के लिए गन्ने के खेत में गई थी। वहीं से संदीप पाल, संचित पाल व 17 वर्षीय किशोर उसे बहलाकर भगा ले गए हैं। लड़की किसी प्रकार से भागकर घर लौटी और आपबीती बताई है। पुलिस ने केस दर्ज कर विवेचना की और दुष्कर्म व अपहरण के पुख्ता साक्ष्य मिलने पर आरोपी संदीप पाल, संचित पाल व किशोर अपचारी के खिलाफ न्यायालय में आरोप पत्र दाखिल किया। मुकदमे के ट्रायल के दौरान साक्ष्य के आधार पर अदालत ने अभियुक्त संदीप पाल, संचित पाल व किशोर अपचारी को दोषसिद्ध किया।
शुक्रवार को मामले में निर्णय सुनाते हुए विशेष न्यायाधीश (पॉक्सो एक्ट) राजेश नारायण मणि त्रिपाठी ने दोषी संदीप पाल, संचित पाल व किशोर अपचारी को दुष्कर्म और अपहरण के अपराध में 20-20 साल कठोर कारावास और 30-30 हजार रुपये अर्थदंड से दंडित किया। अदालत के आदेशानुसार अर्थदंड की आधी धनराशि पीड़िता अथवा उसके विधिक प्रतिनिधि को दी जाएगी।