गाजीपुर। जिला निर्वाचन अधिकारी के मुताबिक कोई दल या अभ्यर्थी ऐसी किसी गतिविधि में शामिल नहीं होगा, जिससे भिन्न जातियों, धार्मिक या भाषाई समुदायों के बीच विद्यमान मतभेद गंभीर हो सकते हैं या तनाव पैदा हो सकता है। उन्होंने कोई भी राजनैतिक दल या अभ्यर्थी अपने अनुयायियों को किसी भी व्यक्ति की अनुमति के बिना उसकी भूमि, भवन परिसर की दीवारों इत्यादि पर झंडा लगाने बैनर लटकाने, सूचना चिपकाने, नारा लिखने इत्यादि की अनुमति नहीं देगा। किसी दल की ओर से उन स्थानों के आसपास जुलूस न निकाला जाए। जहां अन्य दल की सभाएं आयोजित हो रही हैं। किसी दल के कार्यकर्ता अन्य दल के कार्यकर्ताओं द्वारा लगाए गए पोस्टर नहीं हटाएंगे। दल या अभ्यर्थी स्थानीय पुलिस प्राधिकारियों को किसी भी प्रस्तावित सभा के स्थल और समय के बारे में काफी पहले से सूचित करेंगे, ताकि पुलिस यातायात को नियंत्रित करने और शांति और व्यवस्था बनाए रखने के लिए जरूरी व्यवस्था कर सके। दल या अभ्यर्थी अग्रिम रूप से सुनिश्चित करेगा कि क्या सभा के लिए प्रस्तावित स्थल पर कोई रोक या निषेधाज्ञा लागू तो नहीं है और यदि ऐसे आदेश मौजूद हैं तो उनका कड़ाई से पालन किया जाएगा। यदि ऐसे आदेशों से किसी रियायत की आवश्यकता हो, तो अग्रिम रूप से इसके लिए आवेदन किया जाएगा और प्राप्त किया जाएगा
चुनाव लड़ने वालों को नाम निर्देशन पत्र प्रारूप-2 क एवं प्रारूप-26 में शपथपत्र देना होगा। प्रारूप-26 में अंकित सभी कालम भरना अनिवार्य है, जो लागू न हो उसमें ’शून्य’ या ’लागू नहीं’ अंकित किया जाय। सामान्य अभ्यर्थी को नामांकन के समय रुपये 25000 और अनुसूचित जाति/अनुसूचित जनजाति के उम्मीदवार को 12500 रुपये जमानत धनराशि जमा करनी होगी। वहीं, उम्मीदवारों के लिए व्यय की अधिकतम सीमा 95 लाख रुपये नियत है। प्रत्याशियों को निर्वाचन से संबंधित समस्त व्यय हेतु एक पृथक बैंक खाता खोलना अनिवार्य है। पैम्फलेट, पोस्टर, बैनर आदि को बनाने वारी फर्म का नाम एवं मोबाइल नंबर दर्ज कराना होगा। साथ ही इसकी सूचना देनी होगी।