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Ghazipur News: अपनी डायलिसिस के लिए किसी और के मरने का कर रहे इंतजार

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गाजीपुर। महर्षि विश्वामित्र स्वशासी राजकीय मेडिकल कालेज अस्पताल के डायलिसिस यूनिट में 65 मरीजों का पंजीकरण हैं। ऐसे में गुर्दा रोग से पीड़ित 35 मरीज छह माह से प्रतीक्षा सूची में है। मात्र दस बेड से लैस यह यूनिट रविवार को छोड़कर सप्ताह के प्रत्येक दिन मरीजों से भरी रहती है।
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हर मरीज की सप्ताह में दो दिन डायलिसिस होती है। अस्पताल प्रशासन का कहना है कि इन 65 मरीजों में कोई अन्यत्र जाता है या किसी मरीज की मौत होती है तभी किसी अन्य मरीज का पंजीकरण हो सकेगा। गोराबाजार के 200 बेड पुरुष अस्पताल के चौथे तल पर वर्ष 2022 में छह बेड के साथ डायलिसिस यूनिट स्थापित हुई थी। गुर्दा मरीजों की संख्या बढ़ने के बाद वर्ष 2023 में चार बेड और बढ़े। इससे बेड की संख्या दस हो गई।

गैर प्रांतों एवं निजी अस्पतालों में डायलिसिस कराने वाले मरीजों ने नि:शुल्क सुविधा के लिए यहां पंजीकरण करा लिया। देखते ही देखते ये संख्या 65 पहुंच गई। ऐसे में यूनिट में तैनात कर्मियों ने प्रत्येक मरीजों का दिन व समय निर्धारित कर दिया। वहीं क्रिटिकल मरीजों के लिए डायलिसिस का समय निर्धारण भी किया गया है।
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इधर मरीज की संख्या बढ़ती देख उनके नाम अब वेटिंग लिस्ट में दर्ज किए जा रहे हंै। ताकि पूर्व में पंजीकृत मरीजों के अन्यत्र चले जाने या मौत के बाद ही प्रतीक्षा सूची में दर्ज मरीजों के नाम शामिल किए जा सकेंगे।
निजी अस्पताल में 3000 से 6000 आता है खर्च : गुर्दा मरीजों को निजी अस्पतालों में एक बार डायलिसिस कराने पर 3000 से 6000 का खर्च आता है। यहीं नहीं आवागमन पर भी 2500 से 3000 रुपये तक खर्च करना पड़ता है। ऐसे में आर्थिक रूप से मरीज व तीमारदार काफी टूट जाते हैं।
बेड बढ़ाने के लिए कई बार भेजा गया पत्र : मेडिकल कालेज अस्पताल के डायलिसिस यूनिट में बेड की संख्या बढ़ाने के लिए कई बार पत्र भेजा गया है। डायलिसिस यूनिट के प्रभारी रजनीकांत विश्वकर्मा ने बताया कि बेड बढ़ाने के लिए 21 अक्तूबर 2023 काे एनएचएम के मिशन निदेशक को पत्र भेजा गया था। इसके बाद फिर बीते पांच मई और 23 जुलाई को फिर पत्र भेजा गया है, लेकिन अभी तक संबंधित द्वारा कोई ठोस कदम नहीं उठाया जा सका है।
डायलिसिस यूनिट में 15 और बेड बढ़ाने के लिए शासन को पत्र भेजा गया है। बेड बढ़ने से मरीजों को काफी राहत होगी। - प्रोफेसर आनंद मिश्रा, प्राचार्य, राजकीय मेडिकल काॅलेज।
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