भारत की क्रांतिकारी मजदूर पार्टी के तत्वावधान में भगत सिंह जन अधिकार यात्रा शुक्रवार को इलाहाबाद से चलकर मऊ होते हुए देर शाम कासिमाबाद पहुंची। इस मौके पर पार्टी के छात्र संगठन दिशा के पदाधिकारी अमित ने कहा कि आज देश अभूतपूर्व संकट के दौर से गुजर रहा है। अगर आप सभी लोग मिलकर इस सरकार को नहीं उखाड़ फेंकेंगे तो आने वाला समय काफी संकटग्रस्त होने वाला है। बेरोजगारी, महंगाई, भ्रष्टाचार एवं आर्थिक असमानता ने पिछले सारे रिकॉर्ड तोड़ दिए हैं। टैक्सों का पहाड़ लादकर महंगाई को चरम पर पहुंचा दिया गया है। उन्होंने कहा कि मेहनतकश जनता का जीवन नर्क बन गया है। लोग बेरोजगारी, महंगाई, भ्रष्टाचार से इस कदर परेशान कभी नहीं हुए थे। सरकार ने वर्ष 2014 में हर वर्ष दो करोड़ रोजगार देने का झांसा देकर वोट मांगने का काम किया था लेकिन आज लोग रोजी-रोजगार से हाथ धो चुके हैं। नोटबंदी, जीएसटी और कोरोना कालीन प्रबंधन ने विशेष तौर पर असंगठित क्षेत्र के कमेरों के पेट पर लात मार दिया है। नौजवान भारत सभा के अविनाश ने कहा कि गरीबी और आर्थिक असमानता रिकॉर्ड तोड़ स्तर पर पहुंच गई है। मनरेगा योजना के तहत सौ दिन का रोजगार देने की गारंटी पूरी तरह से विफल हो गई है। अंत में उन्होंने अपनी 10 सूत्रीय मांगों को गिनाते हुए कहा कि गरीब और अमीर के बीच खाई बढ़ती जा रही है। बताया कि 12 मार्च को इलाहाबाद से निकली यह यात्रा चित्रकूट होते हुए अंबेडकरनगर, आजमगढ़, मऊ होकर आज कासिमाबाद आई है। यात्रा में रमेश, राजू, अंजलि, शिवा, इंद्रेश, किशन आदि ने विचार व्यक्त किया।