गाजीपुर। हाईकोर्ट की लखनऊ पीठ ने प्रदेश सरकार द्वारा तय कट आफ मेरिट पर प्राथमिक स्कूलों में 69 हजार सहायक शिक्षकों की भर्ती का आदेश देकर जहां शिक्षामित्रों की आशाओं पर पानी फेर दिया। वहीं, कट ऑफ मेरिट में आने वाले अभ्यर्थियों की खुशी का कोई ठिकाना नहीं है। सरकार ने सामान्य के लिए 65 प्रतिशत और अनुसूचित जाति-अनुसूचित जनजाति और अन्य पिछड़ा वर्ग के लिए 60 प्रतिशत निर्धारित की है। बृहस्पतिवार को मुख्यमंत्री ने एक सप्ताह के अंदर नियुक्ति प्रक्रिया शुरू कर देने का अभ्यर्थियों को आश्वासन दिया। जिले में सहायक शिक्षकों की भर्ती में लगभग एक हजार अभ्यर्थियों ने आवेदन किया था। सरकार द्वारा तय कट ऑफ मेरिट में 50 प्रतिशत से अधिक अभ्यर्थियों के आने का अनुमान लगाया जा रहा है। जिन अभ्यर्थियों को कट ऑफ मेरिट में आने का अनुमान है। उन लोगों ने प्रसन्नता जाहिर की है। जबकि शिक्षामित्रों के संगठन ने इस निर्णय पर असंतोष जाहिर करते हुए कहा है कि इससे अधिकांश शिक्षामित्र लाभ पाने से वंचित रह जाएंगे। पूर्व में जारी एकल पीठ का निर्णय शिक्षामित्रों के हित में था। बीटीसी संयुक्त मोर्चा-2015 के जिलाध्यक्ष राकेश कुमार सिंह ने कोर्ट के निर्णय को उचित ठहराया है। उन्होंने 2015 बैच के अभ्यर्थियों की बैठक करके सरकार को धन्यवाद दिया। बैठक में अखंड प्रताप सिंह, अंशुमान तिवारी, आनंद कुमार यादव, शिवेंद्र यादव, अजीत गिरि सहित एक दर्जन अभ्यर्थी उपस्थित थे।