जिला विधिक सेवा प्राधिकरण सचिव दीपेंद्र कुमार गुप्ता ने सोमवार को जिला कारागार का निरीक्षण किया। बंदियों से निःशुल्क अधिवक्ता, जेल लोक अदालत तथा उनकी जेल अपील से संबंधित अन्य समस्याएं जानी। साथ ही बंदियों को उनके संवैधानिक अधिकारों के विषय में विस्तृत जानकारी दी। जेल अधीक्षक ने बताया गया कि वर्तमान में कुल 1021 बंदी निरूद्ध हैं। जिसमें 891 पुरूष, 42 महिला के साथ सात बच्चे निरूद्ध है और 88 अल्पवयस्क हैं। सुबह का नाश्ता-ब्रेड, चाय व दोपहर का भोजन-रोटी, चावल, अरहर की दाल, सब्जी (आलू, नेनुआ) तथा शाम का भोजन-रोटी, चावल, चना की दाल सब्जी (आलू, कद्दू) दी जाती है। सचिव ने पुरुष एवं महिला बैरक का भी निरीक्षण किया गया और जेल के कई बंदियों से बात कर उनकी समस्याओं को समझने के साथ ही उनके निस्तारण का निर्देश दिया। कारापाल को जिला कारागार में स्थित जेल लीगल क्लीनिक पर विशेष रूप से ध्यान देने के निर्देश दिया, जिससे जेल में निरूद्ध बंदियों को समय से व समुचित विधिक सहायता प्राप्त हो सके। कारागार परिसर में साफ-सफाई, मच्छरों के बचाव के लिए छिड़काव के लिए निर्देशित किया गया। इस अवसर पर कारापाल रविंद्र सिंह यादव उपस्थित रहे। संवाद