लाखों के नकली नोटों के साथ एसओजी और शहर कोतवाली पुलिस की गिरफ्त में आए सभी छह आरोपी काफी शातिर हैं। पकड़ा गया संतोष यादव उर्फ डब्लू पर चंदौली, जौनपुर और जमानिया कोतवाली में संगीन धाराओं में मुकदमा दर्ज है। वह जाली नोट के साथ गो-तस्करी में भी संलिप्त रहा है। हालांकि पुलिस बाकी पांच आरोपियों का विवरण खंगालने में जुटी हुई है।
पुलिस के हत्थे चढ़े अंतरजनपदीय इन तस्करों ने उत्तर प्रदेश ही नहीं बिहार में भी जमकर जाली नोटों को चलाने का काम किया। इनके द्वारा पहले छोटे-छोटे बाजारों में पैठ बनाई जाती थी और वहां के सब्जी व्यवसायी और रिक्शा चलाने वालों को जाली नोट देने का काम करते थे, जिससे वह किसी की पकड़ में न आए। जाली नोट का कारोबार कर रहे यह तस्कर बड़ा नोट देकर कुछ सामान खरीद लेते थे और इसके बाद मिले असली नोट को जमा किया करते थे। जुटाए गए धन से सभी अपने शौक पूरे करते थे। फिर अगले शिकार की तलाश में दूसरे शहरों की ओर रुख कर लेते थे। शहर कोतवाली एवं एसओजी टीम जाली नोटों के चलाने वाले आरोपियों से पूछताछ करने में जुटी हुई है, जिससे इस गिरोह में शामिल अन्य शातिरों को दबोचा जा सके।