गाजीपुर। अखिल भारतीय किसान महासभा, भाकपा (माले) के कार्यकर्ताओं ने मंदसौर पुलिस फायरिंग में शहीद किसानों की दूसरी वर्षगांठ तुलसी सागर लंका स्थित कार्यालय पर रविवार को मनाई। इस दौरान मंदसौर में शहीद किसानों की याद में दो मिनट का मौन रखकर श्रद्धांजलि अर्पित की गई। वक्ताओं ने कहा कि अभी तक मंदसौर के किसानों को न्याय नहीं मिल सका है। पार्टी के जिला सचिव राम प्यारे राम ने कहा कि छह जून 2019 को मध्य प्रदेश के मंदसौर जिले के पिपलिया मंडी चौराहे पर पुलिस ने किसानों पर फायरिंग की थी। इसमें छह किसानों की जान चली गई थी। आज तक उन किसानों को न्याय नहीं मिला। कहा कि देश के किसान छह महीने से दिल्ली के विभिन्न बॉर्डरों पर काले कानूनों को रद्द करने की मांग कर रहे हैं लेकिन केंद्र सरकार आवाज को अनसुना कर रही है। उन्होंने पांच जून को सोनभद्र में एसडीएम को मांग पत्र सौंपकर वापस लौट रहे लकवाग्रस्त मुहम्मद कलीम पर लाठीचार्ज कर उनकी बेटी को घायल करने तथा फर्जी मुकदमा दर्ज कर जेल भेजने की कार्रवाई की निंदा करते हुए बिना शर्त रिहा करने की मांग की। उन्होंने किसानों से सात जून को तहसील स्तर पर प्रदर्शन कर इंसाफ के लिए आवाज उठाने का आह्वान किया। इस दौरान लोकनाथ, रामअवध, सरोज यादव, राजनाथ राणा, सुरेश, प्रमोद ने विचार व्यक्त किया।