कहोतरी गांव के मुख्य मार्ग पर मनरेगा की मजदूरी को लेकर हाथों में जाबकार्ड लेकर प्रदर्शन करते मजद?
- फोटो : GHAZIPUR
मरदह। कोरोना काल में मनरेगा के तहत 16 दिन के काम की मजदूरी नहीं दिए जाने से नाराज मूजदूरों ने जॉब कार्ड लेकर गांव के मुख्य मार्ग पर प्रदर्शन किया। कहा कि काम करा कर उन्हें मजदूरी नहीं दी गई। शिकायत के बाद भी उनकी समस्या पर ध्यान नहीं दिया जा रहा। बिरनो ब्लाक के ग्राम पंचायत कहोतरी गांव के मजदूरों का कहना है कि गांव के कई लोगों के खेत के समतलीकरण का कार्य मनरेगा से लगभग 16 दिन तक कराया गया था। जून 2020 में किए गए काम की मजदूरी अभी तक नहीं मिली। न ही काम की मानिटरिंग की गई। विगत दिनों प्रभारी मंत्री से मामले की शिकायत की गई थी लेकिन वहां से भी निराशा हाथ लगी। प्रदर्शन करने वाले लोगों में भरत बिंद, बलवंत यादव, जयराम बिंद, उमानाथ, रामजीत, रामप्रसाद, अलगू बिंद, संजय बिंद, राजाराम, रामअशीष, अमेरिका, योगेश, धनंजय, मेल्हू, बुच्चन, रोशन, सुरजी देवी, सावित्री, शीला, गुड्डी देवी, ललिता देवी, सोनाली, आशा देवी, सुदामी, उगनी, लाली, देवंती, पूनम, फूलमती, गोपिया, इंदू, मंगरी, सरिता, क्रांति देवी, प्यारी, शनिचरी, दशवती, राधिका, पुष्षा, लालसा, सावित्री, फूलमती, सुनीता देवी आदि शामिल थे।खंड विकास अधिकारी प्रीति तिवारी ने बताया कि मजदूरों की ओर से शिकायत मिली है। इसकी जांच कराकर कार्रवाई की जाएगी। साथ ही जल्द मनरेगा मजदूरों का भुगतान कराया जाएगा।