अयोध्या में मर्यादा पुरुषोत्म श्रीराम के भव्य मंदिर में प्राण प्रतिष्ठा को लेकर जनपद में खासा उत्साह है। जिला कारागार में इन दिनों जेल में हरे राम भजन-कीर्तन, सुंदरकांड और हनुमान चालीसा का पाठ किया जा रहा है।
वहीं, अब बंदी भगवान राम के चित्र को उकेरेंगे और उनकी महिमा का वर्णन करेंगे। इसके लिए जेल प्रशासन ने 21 को चित्रकला, निबंध और 22 जनवरी को दीपोत्सव मनाने का निर्णय लिया है। जेल प्रशासन के मुताबिक 1100 दीये जलाए जाएंगे।
अयोध्या मे 22 जनवरी को श्रीराम मंदिर में प्राण प्रतिष्ठा कार्यक्रम को लेकर जिला जेल में बंद बंदियों के बीच भी आस्था और श्रद्धा का माहौल बना हुआ है। 517 बंदी-कैदी की क्षमता वाले जिला जेल में 850 से अधिक बंदी हैं।
इनमें बड़ी संख्या में बंदी अयोध्या में बन रहे रामलला के भव्य मंदिर के पहले धार्मिक कार्यक्रम में हिस्सा लेने की इच्छा भी जाहिर किए थे। उधर, शासन के भी निर्देश पर जेल में स्थित मंदिर की साफ-सफाई कराई जा रही है।
वहीं, अब इच्छुक बंदियों को दोपहर दो बजे के बाद समय मिलने पर भजन-कीर्तन के लिए समय दिया जा रहा है, जो मंदिर में हरे राम संकीर्तन कर रहे हैं। इसके बाद सुंदर कांड और हनुमान चालीसा का पाठ कर रहे हैं।
इसके लिए जेल प्रशासन ने ढोल मंजिरा की भी व्यवस्था किया है। अब बंदियों के उत्साह को देखते हुए जेल प्रशासन ने 20 तक इसी तरह कार्यक्रम करने का निर्णय लिया है। साथ ही 21 जनवरी को राम पर आधारित चित्रकला और निबंध प्रतियोगिता कराने की योजना बनाई है। साथ ही 22 जनवरी को दीपोत्सव का आयोजन किया गया है।