मुहम्मदाबाद। कठऊत गांव में कौशल्या देवी (70) और उनकी पुत्री मालती देवी (35) की हत्या मामले की छानबीन पुलिस कर रही है। ग्रामीणों ने बताया कि कौशल्या के पुत्र गौरी राजभर ने दो वर्ष पूर्व पट्टीदार की साढ़े सात मंडा जमीन की बिक्री कराई थी।
एसपी ओमवीर सिंह ने बताया कि पैसा गौरी राजभर एवं ग्राम प्रधान संजय राय के पास था। पैसे को लेकर गांव में कई बार पंचायत हुई थी, जिसमें गौरी राजभर ने आधा पैसा देने की बात स्वीकार की थी। उस पर पैसा देने का दवाब था और वह मकान बेचकर पैसा देने की बात कह रहा था।
मालती देवी का विवाह बलिया जनपद के चितबड़ागांव में हुआ था। पति दूसरे प्रांत में रहकर काम करते हैं। जबकि उनके बच्चे भी पिता के साथ रहकर पढ़ाई कर रहे हैं। गौरी राजभर की पत्नी के मायके में रहने के कारण करीब एक वर्ष पूर्व मालती देवी अपनी मां कौशल्या देवी की देखभाल करने के लिए आई थी। लेकिन उनके साथ यह घटना हो गई। उधर, पोस्टमार्टम के बाद दोनों शवों के गांव पहुंचते ही कोहराम मच गया। घर में चीख पुकार मच गई।