भांवरकोल क्षेत्र के शेरपुर खुर्द में अष्ट शहीदों की स्मृति में शनिवार को अखिल भारतीय कुश्ती प्रतियोगिता का आयोजन हुआ। कुश्ती में जहां नवोदित पहलवानों ने अपनी चमक बिखेरी, वहीं बड़े जोड़ के पहलवानों ने अपने दमखम का शानदार प्रदर्शन किया।
आजाद पहलवान ने चौसा के दीपक पहलवान को दो मिनट में चित कर दिया। शेरपुर के मृत्युंजय पहलवान का मुकाबला चंदौली के श्याम बिहारी के साथ बराबरी पर रहा। मुगलसराय के रामाशीष पहलवान का मुकाबला जसवीर पहलवान कुरुक्षेत्र हरियाणा का मुकाबला बराबरी पर छूटा। चंदन पहलवान डीएलडब्लू बनारस का मुकाबला उमेश पहलवान मऊ के बीच हुआ, जिसमें चंदन पहलवान विजयी हुए। इस मौके पर मुख्य अतिथि मुहम्मदाबाद इंटर कॉलेज के प्रबंधक अवध किशोर राय एवं विशिष्ट अतिथि ग्राम प्रधान प्रतिनिधि जयानंद राय मोनू ने संयुक्त रूप से कुश्ती दंगल का फीता काटकर शुभारंभ किया।
मुख्य अतिथि अवध किशोर राय ने कहा कि कुश्ती ग्रामीण क्षेत्र में कुश्ती प्रमुख खेल है। अष्ट शहीदों की याद में प्रतियोगिता कराने का को मुख्य कारण युवाओं में देश भक्ति की भावना को मजबूत करना है। विशिष्ट अतिथि ग्राम प्रधान प्रतिनिधि जयानंद राय मोनू ने कहा कि कुश्ती कला हमारे ग्रामीण क्षेत्र की पुरानी परंपरा रही है, लेकिन यह धीरे-धीरे विलुप्त हो रही है। ऐसे में इस तरह से ग्रामीण क्षेत्र में आज उनसे ग्रामीण क्षेत्र की प्रतिभाओं को अपनी कुश्ती कला को दिखाने का अवसर प्राप्त होता है। दंगल प्रतियोगिता के शुरू होने से एक घंटे बाद तेज आंधी और बारिश के होने के कारण दंगल बीच में ही स्थागित करना पड़ा। बड़े पहलवानों में पूर्व उत्तर प्रदेश केशरी सुरेंद्र पहलवान मुगलसराय, पूर्व बिहार केसरी उदय प्रताप पहलवान, राष्ट्रीय चैंपियन राजन पहलवान, हरियाणा कुरुक्षेत्र भारत कुमार सुनील पहलवान शामिल रहे। इस मौके पर पीयूष राय, दुर्गा राय इंद्रासन राय, गुड्डू उपाध्याय, ज्ञानेंद्र राय दीपक पहलवान, राजेश राय बागी, शिक्षक शशिशेखर राय टुन्नू, ओम प्रकाश राय मुन्ना, दामोदर राय, विपिन राय, सरदार पहलवान, डा आलोक राय, राजकुमार ठाकुर , डॉ युगेश गुप्ता, उमेश यादव आदि लोग शामिल रहे। निर्णायक की भूमिका अंतरराष्ट्रीय पालन एवं प्रशिक्षक रामबदन राय एवं सेना के राष्ट्रीय पहलवान कन्हैया यादव एवं संचालन पहलवान हरेंद्र यादव और वसीम पहलवान ने किया।