गाजीपुर। अंत्येष्टि स्थलों पर अंतिम संस्कार के बाद दशकों से परिजनों को मिलने वाली पर्ची पर नगर पालिका ने रोक लगा दी है। वजह रसीद देने के नाम पर अवैध वसूली की शिकायत पर सख्ती से यह कदम उठाया गया है। ऐसे में आनलाइन मृत्यु प्रमाण-पत्र पर जहां जोर दिया जा रहा है। वहीं वहां तैनात पालिका कर्मचारी की ओर से अंतिम संस्कार को आने वाले एक-एक शव का विवरण रजिस्टर पर अंकित किया जा रहा है, जिससे किसी तरह की दिक्कत न हो सके। कोरोना संक्रमण काल में नान कोविड और कोविड मरीजों की मौत का आंकड़ा डेढ़ माह में काफी बढ़ गया था। ऐसे में अंतिम संस्कार के लिए पहुंचने वाले शवों की संख्या अंत्येष्टि स्थलों पर अधिक होने से पर्ची काटने वालों द्वारा अवैध वसूली शुरु कर दी गई थी। यही नहीं मुखाग्नि के दौरान भी मनमाना पैसा लेने की शिकायत मिलने पर जिला प्रशासन ने सख्त कदम उठाया। मुखाग्नि के लिए जहां शुल्क निर्धारित किया गया। वहीं रसीद काटने पर पाबंदी लगा दी गई, जिससे धन उगाही पर लगाम लगाई जा सके। पालिका परिषद की ओर से वहां कंट्रोल रूम स्थापित कराकर कर्मचारियों को तैनात किया गया। जिसके द्वारा प्रत्येक शव का डिटेल रजिस्टर पर अंकित किया जाता है। साथ ही आमजन को ऑनलाइन मृत्यु प्रमाण पत्र लेने के प्रति जागरूक करने के साथ मानीटरिंग भी की जा रही है।