गाजीपुर। जनपद का तापमान बुधवार की अपेक्षा बृहस्पतिवार को तीन डिग्री सेल्सियस कम रहा। इससे लोगों ने चिलचिलाती धूप से कुछ हद तक राहत की सांस ली। अन्य दिनों की अपेक्षा बृहस्पतिवार को मौसम के तेवर में नरमी देखी गई। इसके कारण जिन सड़कों पर सन्नाटा पसरा रहता था, वहां रौनक और चहलकदमी देखने को मिली।
बृहस्पतिवार को जनपद का अधिकतम तापमान 37.4 और न्यूनतम 23.1 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। जबकि बुधवार को जनपद का तापमान बृहस्पतिवार की अपेक्षा अधिक रहा। बुधवार को जिले का अधिकतम तापमान 40.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया था। इसके कारण सड़क लोगों का चलना दुश्वार हो गया था। दूसरी तरफ बृहस्पतिवार को धूप में थोड़ी सी नरमी देखी गई। धूप में नरमी होने के कारण नगर के बाजारों में दोपहर के समय भी लोगों की चहलकदमी नजर आई। वहीं स्वास्थ्य के जानकारों का कहना है कि तापमान में उतार-चढ़ाव सेहत के लिए दिक्कत पैदा कर सकता है। पीजी कॉलेज कृषि विज्ञान केंद्र के मौसम वैज्ञानिक कपिलदेव शर्मा ने बताया कि बृहस्पतिवार को जनपद का अधिकतम तापमान 37.4 और न्यूनतम 23.1 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।
ठंडे पानी और शरबत की लगाई प्याऊ
बारा। भीषण गर्मी से राहत देने के लिए इकरा मॉडल स्कूल की ओर से नेशनल हाईवे पर स्थित यूनियन बैंक के पास शरबत-ए-मुहब्बत के नाम से ठंडे पानी और शरबत की प्याऊ लगाई गई। हाईवे से गुजर रहे राहगीरों ने ठंडा पानी और शरबत पीकर अपनी प्यास बुझाई। यूनियन बैंक पर ठंडे शरबत और पानी की प्याऊ लगाकर हाईवे से गुजरने वाले राहगीरों, विद्यार्थियों, ऑटो, ई-रिक्शा चालकों तथा उसमें बैठी सवारियों, दो और चार पहिया वाहन चालकों को रोककर ठंडा शरबत और पानी पिलाया गया। स्कूल के एडमिन अहसन रजा खान ने कहा कि मानव सेवा से बड़ा कोई धर्म नहीं है। इस दौरान प्रिंसिपल गिरीश उपाध्याय, हेड क्लर्क सेराज खां, अध्यापक हाफिज जहीर, धनंजय कुमार आदि मौजूद रहे।
शोपीस बना वाटर कूलर
दिलदारनगर। स्थानीय रेलवे स्टेशन के प्लेटफार्म नंबर दो, तीन पर फुट ओवरब्रिज के नीचे लगा वाटर कूलर खराब होने की वजह से यात्रियों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। रेलवे स्टेशन पर प्लेटफॉर्म नंबर दो और तीन पर फुट ओवरब्रिज के नीचे रेल यात्रियों के सुविधाओं के लिए वाटर कूलर लगाया गया था, ताकि रेल यात्रियों को शुद्ध और ठंडा पानी आसानी से उपलब्ध हो। लेकिन, गर्मी की शुरुआत होने के बाद भी रेलवे विभाग के अधिकारियों की उदासीनता के चलते खराब वाटर कूलर के साथ पेयजल की टूटी टोटी की मरम्मत नहीं हो पा रही है।