सादात। स्थानीय रेलवे स्टेशन पर लंबी दूरी की कई ट्रेनों के न रुकने से यात्रियों और क्षेत्रीय लोगों को काफी परेशानी उठानी पड़ रही है। इस स्टेशन पर लिच्छवी, साबरमती एक्सप्रेस, मऊ-आनंद विहार और चौरी-चौरा एक्सप्रेस नहीं रुकती है। जबकि इन चारों ट्रेनों को रोकने की मांग बहुत पहले से की जा रही है। सादात से वाराणसी तक रेलवे लाइन का दोहरीकरण हो गया है। जबकि सादात से मऊ के बीच लाइन के दोहरीकरण का कार्य चल रहा है। इसके बाद भी इन दोनों ट्रेनों को यहां नहीं रोका जा रहा है। यहां से प्रतिदिन वाराणसी, प्रयागराज, कानपुर, दिल्ली, मुंबई, अहमदाबाद, कोलकाता, चेन्नई, गोरखपुर एवं लखनऊ के लिए यात्री आते-जाते रहते हैं। इन चारों ट्रेनों को रोकने के लिए बीते वर्ष 26 जून को नगर पंचायत के व्यापारी आशुतोष प्रकाश के नेतृत्व में नागरिकों और व्यापारियों की तरफ से एक ज्ञापन डीआरएम वाराणसी के यहां दिया गया था। उस समय डीआरएम सादात से औड़िहार तक बनकर तैयार दोहरी लाइन के ट्रायल में यहां आए थे। इससे पूर्व भी नागरिकों ने एक ज्ञापन रेल मंत्री को उपलब्ध कराया था लेकिन इन ज्ञापनों को देने के बाद भी इसका आजतक कोई असर नहीं हुआ। इस स्टेशन पर इन चारों ट्रेनों के अलावा दादर, कृषक, गोरखपुर-वाराणसी इंटरसिटी, छपरा-वाराणसी एक्सप्रेस, मऊ-प्रयागराज डीएमयू के अतिरिक्त चार जोड़ी सवारी गाड़ी भी चलती हैं। स्थानीय रेलवे स्टेशन के स्टेशन मास्टर विजय कुमार ने इस संबंध में पूछने पर बताया कि कौन-कौन ट्रेन यहां रुकेगी, इसका निर्णय डीआरएम द्वारा होता है। अभी तक लिच्छवी, साबरमती, मऊ-आनंद विहार और चौरी-चौरा एक्सप्रेस के यहां रुकने की कोई सूचना नहीं है। नगर के लोगों ने इन ट्रेनों को रोकने के लिए डीआरएम को ज्ञापन सौंपा है। इसमें इन ट्रेनों को यहां रोकने की मांग की गई है।