गाजीपुर। जिले में बुधवार की अहले सुबह मौसम में बदलाव हुआ। रूक-रूककर बारिश और पूरे दिन बादल छाई रही। बिजली की तड़तड़ाहट और गरज की आवाज से लोग सहमे रहे। सुबह आठ बजे से जनपद रेड जोन में आ गया। मुहम्मदाबाद, कासिमाबाद, जमानिया, सेवराई में आकाशीय बिजली की संभावना दामिनी एप द्वारा दर्शाया जाने लगा। यह स्थिति सुबह 11 बजे तक बनी रही। दोपहर करीब 1.17 बजे जनपद ग्रीन जोन में चला गया, जिससे लोगों ने राहत की सांस ली। वहीं खेतों में काट कर रखी दलहनी फसलों के खराब होने की चिंता किसानों के चेहरे पर साफ झलक रही है।
तेज हवाओं से गेहूं की फसल खेतों में गिर गई है। इससे पैदावार प्रभावित होने की संभावना बढ़ गई है। बारिश से खेतों में कटी पड़ी मटर, मसूर, सरसों की फसल खराब होने की आशंका से किसान सहम गए हैं। साथ ही बारिश से फसलों की कटाई का कार्य भी ठप हो गया है। किसान दिलशाद खां उर्फ कल्लू, फकरुद्दीन खां, रामप्रसाद यादव, शिवनारायण पांडेय, नुरुल खां ने बताया कि तेज हवाओं के चलने से गेहूं की फसल गिर गई है। इससे पैदावार पर असर पड़ने का खतरा बढ़ गया है। जमानिया : बारिश से देवी दयाल सड़क मार्ग सहित राष्ट्रीय राजमार्ग से हेतिमपुर गांव के जाने वाले मार्ग पर कीचड़ हो गया, जिससे राहगीरों सहित स्कूली बच्चों को विद्यालय जाने में दिक्कत का सामना करना पड़ा। जबकि मार्ग पर एक महाविद्यालय, तीन निजी स्कूल, एक आईटीआई स्थित है। नगर पालिका की ओर से इस सड़क पर कार्य शुरू कर रोक देने से भी स्थिति बद से बत्तर हो गई गई। इस संबंध पालिका अधिशासी अधिकारी संतोष कुमार ने बताया कि देवी दयाल मार्ग की सड़क मरम्मत का कार्य होने वाला है, लेकिन बारिश की वजह से कार्य रुक गया है। इसी तरह देवकली, सेवराई में भी बारिश की वजह से आम जनजीवन पर असर पड़ा है। सुबह से ही गुलजार रहने वाला तहसील मुख्यालय बाजार में सुबह दस बजे तक दुकानें नहीं खुली थी। कृषि व्यवसायी भाष्कर कुशवाहा ने बताया कि गेहूं की फसलों को करीब 50 से 60 फीसदी तक नुकसान है। वहीं तिलहन और दलहन की फसलों को भी यह बारिश काफी नुकसान पहुंचाएगी। इस बाबत भदौरा ब्लॉक के खंड तकनीकी प्रबंधक सच्चिदानंद पांडेय ने बताया कि बारिश की वजह से पकी हुई गेहूं की फसल, सरसों की फसल, आम के बौर और दलहन की फसलों पर इसका असर पड़ेगा।