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ईद मिलादुन्नबी पर फातिहा हुई तो कहीं हुआ मिलाद

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पैगंबर हजरत मोहम्मद का जन्म दिन पर ईद-ए-मिलाद-उन-नबी के पर्व पर सजा बहरियाबाद का जामा मस्जिद। - फोटो : GHAZIPUR
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गाजीपुर। नगर सहित ग्रामीण इलाको में पैगंबरे इस्लाम हजरत मुहम्मद (सल्ल.) के जन्मदिवस ईद मिलादुन्न्बी का पर्व शुक्रवार को अकीदत से मनाया गया। घरों में फातिहा कराई गई और लोगों में तबर्रुक बांटा गया। कुरानख्वानी में लोगों ने शिरकत की। मीलाद में उलेमा ने हजरत मुहम्मद के बताए रास्ते पर चलने का संकल्प दिलाया। वहीं, घरों, मस्जिदों और खानकारों पर रोशनी की गई। उधर, ुसुरक्षा के लिए टाउन हाल में पुलिस फोर्स तैनात रही। कोरोना संक्रमण को देखते हुए कहीं भी ईद मिलादुन्नबी पर जुलूसे-मुहम्मदी नहीं निकाला गया और न ही कार्यक्रम आयोजित किए गए। घर-घर में ही कुरानख्वानी, फातिहा और मिलाद आयोजित किया गया। मिलाद में उलेमा ने पैगंबरे इस्लाम हजरज मुहम्मद के जीवन पर प्रकाश डाला और उनके बताए रास्ते पर चलने का मुसलमानों से आह्वान किया। बहरियाबाद : कस्बा सहित मलिकनगांव, दरगाह, पलिवार, रायपुर, देईपुर गांव में बारावफात यानि पैगंबर-ए-इस्लाम हजरत मुहम्मद की विलादत का जश्न आस्था से मनाया गया। कोरोना संक्रमण से जुलूस एवं जलसा आयोजित करने के बजाए लोग घरों तक सीमित रहे। घरों में पकवान बनाकर फातिहा कराई। इसी तरह जिले के सैदपुर, मुहम्मदाबाद, बहादुरगंज, दिलदारनगर, शादियाबाद, सादात, बारा, सेवराई, कासिमाबाद, जखनिया आदि क्षेत्रों में भी बारावफात मनाया गया।
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