गाजीपुर। जिला एवं सत्र न्यायाधीश संजय कुमार की अदालत ने शनिवार को शादियाबाद थाना क्षेत्र के दहेज हत्या के मामले में पति को 10 साल और देवर को 7 साल की सजा सुनाई। साथ ही हरेक को 12-12 हजार रुपये अर्थदंड से दंडित किया है।
अभियोजन के अनुसार थाना शादियाबाद क्षेत्र के गांव सरायगोविन्द निवासी राधेश्याम राजभर ने तहरीर दी थी कि वह अपनी बहन विद्या की शादी 26 नवंबर 2015 को थाना क्षेत्र के बरईपारा गांव निवासी शिवकुमार के साथ किया था। शादी में अपने समर्थ अनुसार दान दहेज दिया था, लेकिन कुछ दिन बाद दहेज में मोटरसाइकिल, सोने की सिकड़ी, रंगीन टीवी न देने का ताना देते थे। वह कई बार बहन के ससुरालियों को समझाया बुझाया। 5 जून 2016 को उसकी बहन ने फोन से बताया कि उसको ससुराल के लोगों ने बुरी तरफ से मारा-पीटा है। सूचना पर बहन के घर गया तो देखा कि उसकी बहन मरी हुई है।
तहरीर पर थाना शादियाबाद में आरोपियों के विरुद्ध दहेज हत्या का मुकदमा दर्ज हुआ और पुलिस ने आरोपी पति शिवकुमार व देवर राजकुमार को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया और विवेचना उपरांत आरोपियों के विरुद्ध पुलिस ने आरोप पत्र पेश किया। मामले में कुल आठ गवाहों को पेश किया गया। सभी गवाहों ने अपना बयान न्यायालय में दर्ज कराया। अभियोजन पक्ष और बचाव पक्ष की बहस सुनने के बाद अदालत ने शनिवार को फैसला सुनाया।