गाजीपुर। संक्रमण का ऐसा ग्रहण लगा कि दो वर्ष बीत जाने के बाद भी जिला अस्पताल में डायलिसिस मशीन स्थापित नहीं हो सकी। ऐसे में किडनी की बीमारी से संबंधित मरीजों को गैर जनपदों का सहारा लेना पड़ रहा है।करीब दो वर्ष पूर्व शासन की ओर से जिला अस्पताल में डायलिसिस मशीन लगाने की स्वीकृति दी गई थी। इस यूनिट को स्थापित कराने के लिए अस्पताल के ऊपरी तल पर कक्ष चिह्नित करने के साथ ही मशीन स्थापित कराने को लेकर कार्ययोजना तक तैयार कर ली गई थी, लेकिन संक्रमण से पूरा कार्य ठप पड़ गया। ऐसे में किडनी के मरीजों को नि:शुल्क सुविधा मुहैया होने की आस टूट गई। उन्हें डायलिसिस के लिए वाराणसी एवं मऊ के अलावा अन्य जनपदों में स्थापित निजी अस्पतालों का सहारा लेना पड़ रहा है। प्रभारी सीएमएस डा. राजेश सिंह ने बताया कि संक्रमण काल के चलते मशीन स्थापित नहीं हो सकी है। अब अस्पताल मेडिकल कालेज के अधीन हो जाएगा। यह प्रक्रिया पूर्ण होने के बाद ही मशीन स्थापित हो सकेगी।