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सराफा कांड: तीसरे दिन भी पुलिस पकड़ से दूर कातिल

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गाजीपुर। सराफा व्यवसायी सुशील वर्मा की हत्या की घटना के तीसरे दिन रविवार को भी पुलिस बदमाशों को गिरफ्तार करने में नाकाम रही। क्राइम ब्रांच सहित कोतवाली पुलिस हत्यारों की तलाश में इधर-उधर भागदौड़ करती रही लेकिन सुराग हाथ नहीं लगा।
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मालूम हो कि शहर कोतवाली क्षेत्र के सनबाजार (किला कोहना) निवासी सुरेश वर्मा का पुत्र सुशील वर्मा की सिटी रेलवे स्टेशन रोड पर सराफा की दुकान है। रोज की तरह वह शुक्रवार की रात भी दुकान बंद कर बाइक से घर आ रहा था। इसी दौरान करीब नौ बजे रास्ते में टैक्सी स्टैंड के पास स्थित अंग्रेजी शराब की दुकान पर रुक कर शराब खरीदने लगा था। तभी पहले से घात लगाए बदमाशों ने पीछे से सिर में गोली मार दी थी और उसके पास से मौजूद बैग लेकर फरार हो गए थे। इस मामले में मृतक के पिता सुरेश वर्मा ने हत्या और लूट की रिपोर्ट लिखाई थी। शनिवार को एडीजी ला एंड आर्डर पीवी रामाशास्त्री और आईजी विजय सिंह मीणा घटना स्थल का मौका मुआयना करने के बाद पीड़ित परिजनों से मिले। अधिकारी द्वय ने पुलिस अधीक्षक को शीघ्र मामले का खुलासा करने का निर्देश दिया था। पुलिस अधीक्षक यशवीर सिंह ने तीन टीमें गठित की है। पुलिस मृतक के मोबाइल के काल डिटेल, फेसबुक और व्हाट्सएप के साथ घटना से आधा घंटा पहले और आधा घंटा बाद तक मोबाइल पर आए काल डिटेल को खंगाल रही है। पुलिस टीम तीसरे दिन रविवार को भी बदमाशों की तलाश में संभावित ठिकानों की खाक छानती रही, लेकिन बदमाशों की गिरफ्तारी तो दूर, उनका सुराग लगाने में भी उसे सफलता नहीं मिली। इस संबंध में पुलिस अधीक्षक यशवीर सिंह ने कहा कि पुलिस कातिलों के काफी करीब पहुंच चुकी है। शीघ्र ही मामले का खुलासा कर दिया जाएगा।


पुलिस ने शटर काटकर देखा सीसीटीवी फुटेज
नजर आया एक संदिग्ध युवक, पुलिस ने उसे भी जांच में किया शामिल
गाजीपुर। पुलिस ने शनिवार की रात चाभी न मिलने पर स्टेशन रोड स्थित मृतक सराफ सुशील वर्मा की दुकान के शटर को गैस कटर से काटकर उसमें लगा सीसीटीवी कैमरे का फुटेज देखा। इस दौरान कुर्सी पर बैठा एक संदिग्ध युवक नजर आया। पुलिस ने उक्त संदिग्ध को भी अपनी जांच में शामिल किया।
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कोतवाली पुलिस रात में करीब साढ़े आठ बजे स्टेशन रोड पर स्थित मृतक सराफ सुशील वर्मा की दुकान पर पहुंची। इसके बाद फोन कर मृतक के पिता सुरेश वर्मा को दुकान खोलने के लिए बुलाया। उन्होंने अपने बेटे सतीश और राजू को दुकान पर भेजा। पुलिस ने दोनों से दुकान की चाभी मांगा तो कहा कि नहीं है। इस पर पुलिस ने मृतक के दोनों भाइयों की मौजूदगी में गैस कटर से कटवाकर शटर को खोला। इसके बाद अंदर लगे सीसीटीवी कैमरा को देखना प्रारंभ किया। पुलिस को सीसीटीवी फुटेज में एक युवक दिखाई दिया जो नीले रंग का शर्ट और स्लेटी पैंट पहने हुए है। वह कुछ देर दुकान के बाहर लगी कुर्सी पर बैठने के बाद उठकर चला जाता है। पुलिस ने इस संदिग्ध युवक को भी अपनी जांच में शामिल करते हुए उसकी खोजबीन शुरू कर दी। पुलिस अधिकारी ने सुरक्षा की दृष्टि से दुकान पर पुलिस कर्मियों की तैनाती कर दी।


शोक में डूबे रहे मुहल्लावासी
गाजीपुर। मृतक सुशील वर्मा के परिजनों की सिसकियां उसकी हत्या के तीसरे दिन रविवार को भी सुनाई देती रही। मृतक की मां और पत्नी बिलखते हुए बार-बार उन बदमाशों को कोसती रही, जिन्होंने सुशील को उनसे छीन लिया। मुहल्लावासियों में भी गम की चादर तनी रही। मालूम हो कि सदर कोतवाली क्षेत्र के सनबाजार (किला कोहना) निवासी सुरेश वर्मा के पुत्र सुशील वर्मा की शुक्रवार की रात करीब नौ बजे बदमाशों ने गोली मारकर हत्या कर दी थी। उसकी मौत की खबर मिलते ही घर में कोहराम मच गया था। पत्नी रजनी देवी देवी, मां सहित परिवार के अन्य सदस्य दहाड़े मारकर चीखने-चिल्लाने लगी थी। नाते-रिश्तेदारों सहित अन्य लोगों द्वारा पहुंचकर सांत्वना देने का सिलसिला सुबह से लेकर देर शाम तक जारी रहा। मुहल्लावासी भी शोक में डूबे रहे।
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