दुबिहां/करीमुद्दीनपुर। बुखार पीड़ित युवक कमलेश शर्मा की इलाज में लापरवाही से मौत जाने के मामले में करीमुद्दीनपुर थाना क्षेत्र के उतरांव गांव के नामजद झोलाछाप समीर अंसारी को पुलिस ने रविवार को गिरफ्तार कर लिया। साथ ही युवक के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। सीओ ने बताया कि समीर के पास इलाज के लिए कोई डिग्री नहीं है। वह पहले किसी डॉक्टर के यहां काम करता था। बाद में गांव में प्रैक्टिस करने लगा। उतरांव गांव निवासी विश्वनाथ शर्मा का आरोप है कि उनके बेटे कमलेश (24) को बुखार आ रहा था। शनिवार की रात वह गांव के ही झोलाछाप समीर अंसारी के यहां इलाज कराने अकेले पहुंचा था। समीर उसे ग्लूकोज चढ़ाने लगा। इससे कमलेश की तबीयत और खराब हो गई, जानकारी होने पर परिवारवाले वहां पहुंचे तो समीर ने कहा कि इनकी हालत खराब है। इन्हें किसी दूसरे अस्पताल में ले जाइए। कमलेश को तत्काल बाराचंवर पीएचसी ले जाया गया, जहां से चिकित्सक ने उन्हें मुहम्मदाबाद सीएचसी भेज दिया वहां के चिकित्सक ने कमलेश को मृत घोषित कर दिया। मृत कमलेश शर्मा की शादी दो वर्ष पहले हुई थी। उसे कोई संतान नहीं है। क्षेत्राधिकारी चंद्रपाल शर्मा ने बताया कि मृतक के पिता विश्वनाथ शर्मा की तहरीर पर नामजद रिपोर्ट दर्ज कर आरोपी झोलाछाप समीर अंसारी को गिरफ्तार कर लिया गया है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।