जमानिया (गाजीपुर)। कोतवाली क्षेत्र के सोनहरीया गांव में शनिवार को आधी रात के बाद मड़हे में सो रहे वृद्ध की गोली मारकर हत्या कर दी गई। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव कब्जे में लेकर पीएम के लिए भेज दिया। पुलिस मामले की छानबीन में जुट गई है। वृद्ध की हत्या के पीछे भूमि विवाद बताया जा रहा है। इस प्रकरण में पांच लोगों के विरुद्ध हत्या का नामजद मुकदमा दर्ज कराया गया है। जिसमें से तीन आरोपियों को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है।
सोनहरीया निवासी राम प्रसाद (63) के यहां शनिवार को बाटी-चोखा की दावत थी। उन्होंने अपने परिचितों को भोजन पर बुलाया था। देर रात तक खाने-पीने का कार्यक्रम चला। भोजन के बाद सभी अपने-अपने घर चले गए और राम प्रसाद अपने घर के पास स्थित मड़ई में सो गए। देर रात करीब डेढ़ बजे उनको सोते वक्त गोली मार दी गई। जिससे उनकी मौके पर ही मौत हो गई। उधर, गोली की आवाज सुनकर रात में ही सैकड़ों लोग घटनास्थल पर जुट गए। हत्या की सूचना कोतवाली पुलिस को दी गई। इस प्रकरण में मृतक के बेटे की तहरीर पर लालजी राय, मदन राय उदय नरायण राय सहित पांच लोगों के विरुद्ध एफआईआर दर्ज की गई है। जिसमें से तीन लोगों को पुलिस ने अलग-अलग स्थानों से गिरफ्तार कर लिया। दो पक्षों के बीच लंबे समय से भूमि का विवाद चल रहा है। दोनों पक्षों को पूर्व में शांतिभंग में चालान किया जा चुका है। हत्या का कारण पूरी तरह स्पष्ट नहीं है, लेकिन भूमि विवाद का होना बताया जा रहा है। उधर, सीओ रोहित यादव ने बताया कि मामले में मृतक के बेटे भारत-भूषण की तहरीर पर पांच के विरुद्ध हत्या का मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। पुलिस कप्तान सोमेन वर्मा ने हत्या के मामले में कोतवाल जमानिया के नेतृत्व में एक जांच टीम गठित कर दी है। कोतवाल धर्मवीर सिंह ने बताया कि अभियुक्तों से रामप्रसाद का जमीनी विवाद चल रहा था। विवादित भूमि की कई बार पैमाइश भी की जा चुकी है। बावजूद मामला शांत नहीं हो सका। राम प्रसाद ने उक्त भू्िम अभियुक्तों के पट्टीदार से खरीदी थी। अभियुक्त चाहते थे कि वह भूमि के पिछले हिस्से पर काबिज हों और सड़क से सटे हिस्से को छोड़ दें। रामप्रसाद सड़क से सटे हिस्से में ही अपनी झोपड़ी बना कर रहते थे। मृतक नैनी (इलाहाबाद) में किसी फैक्ट्री में काम करते थे और वहीं से सेवानिवृत्त होने के बाद गांव में रहते थे।