सुहवल। पंचायत चुनाव में प्रत्याशी और समर्थक प्रचार के दौरान नियमों की धज्ज्यिां उड़ाने से बाज नहीं आ रहे हैं। प्रचार के लिए अधिकृत एक वाहन की बजाय लग्जरी वाहनों का प्रयोग किया जा रहा है। चुनाव में प्रधान, क्षेत्र पंचायत सदस्य तथा ग्राम पंचायत सदस्य पद के प्रत्याशियों को पैदल ही प्रचार करने का निर्देश है। वह भी अपने चुनाव प्रचार को हाइटेक बनाने के लिए कोई कोर कसर नहीं छोड़ रहे हैं। स्थिति यह है कि प्रधान, बीडीसी तथा ग्राम पंचायत सदस्य पद के प्रत्याशी भी चार पहिया, तीन पहिया, दो पहिया तथा ट्रैक्टरों से स्पीकर लगाकर प्रचार को गति देने के साथ ही आयोग के आदेशों को खुलेआम धता बता रहे हैं। यही नहीं प्रत्याशी जुलूस की शक्ल में कोविड-19 की गाइडलाइन की भी धज्जियां उड़ा रहे हैं। बिना अनुमति के प्रचार वाहन दौड़ाने वाले प्रत्याशियों पर आचार संहिता उल्लंघन के तहत कार्रवाई की जाएगी। इन दिनों चुनाव प्रचार में विभिन्न पदों के प्रत्याशियों ने अपनी अपनी ताकत झोंक दी है। अभी तक देखने में आ रहा है कि चुनाव प्रचार के लिए बिना अनुमति के दर्जनों लग्जरी वाहन दौड़ रहे हैं। ऐसे प्रत्याशियों पर राज्य निर्वाचन आयोग ने पहरा लगा दिया है। सहायक निर्वाचन अधिकारी एसएन सिंह ने बताया कि जिला पंचायत सदस्य पद के प्रत्याशी को महज एक वाहन पास के साथ प्रचार की अनुमति है। जबकि शेष अन्य पदों के प्रत्याशियों को पैदल ही प्रचार करना होगा। आयोग की गाइड लाइन का उल्लंघन करने पर कार्रवाइ की जाएगी।