मरदह। क्षेत्र के पिपनार गांव में शनिवार को ग्रामीणों ने राशन वितरण में अनियमितता के खिलाफ गांव स्थित सरकारी सस्ते गल्ले की दुकान के सामने नारेबाजी करते हुए प्रदर्शन किया। उन्होंने आरोप लगाया कि कोटेदार की ओर से लंबे समय से राशन वितरण में अनियमितता की जा रही है। पहले अंगूठा लगवाकर ई-पॉस मशीन से उपस्थिति दर्ज करवा ली जाती है, लेकिन राशन सप्ताह भर बाद दिया जाता है। उन्होंने आरोप लगाया कि शनिवार को पचासों की संख्या में कार्डधारक राशन लेने पहुंचे उसके पहले ही कोटेदार दुकान बंद कर गायब हो गए थे। घंटों इंतजार के बाद जब नहीं आए तो ग्रामीण आक्रोशित हो गए और नारेबाजी एवं प्रदर्शन करने लगे। उनका कहना था कि कई परिवारों को पांच यूनिट की जगह चार यूनिट राशन दिया जाता है। जब ग्रामीण इसका विरोध करते हैं या सवाल पूछते हैं तो उन्हें धमकाया जाता है। ग्रामीणों ने उप जिलाधिकारी से मांग की है कि कोटेदार के खिलाफ तुरंत जांच कर उचित कार्रवाई की जाए। अगर समय रहते प्रशासन ने ठोस कदम नहीं उठाया तो वह आंदोलन तेज करेंगे। मौके पर पहुंचे कोटेदार के भाई सुरेंद्र यादव ने किसी तरह मामले को शांत कराया। कोटेदार महेंद्र यादव ने बताया कि उन पर लगाया जा रहा आरोप बेबुनियाद है। कासिमाबाद के सप्लाई इंस्पेक्टर रविंद्र प्रताप सिंह ने कहा कि शिकायत के आधार पर जांच कर कार्रवाई की जाएगी। प्रदर्शनकारियों में नन्हकू चौहान, मिठाई लाल, हरिवंश चौहान, जगजीवन, तिलकधारी, गौरीशंकर, सुरेश, फुलेंद्र आदि शामिल थे।