फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Ghazipur News: भाजपा सरकार के इशारे पर मेरे और बेटों पर केस दर्ज हुआ

विज्ञापन
विज्ञापन
जहूराबाद सीट से विधायक और सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष ओमप्रकाश राजभर ने कहा कि भाजपा सरकार के इशारे पर उनके और दोनों बेटों अरविंद और अरुण राजभर पर फर्जी मुकदमा किया गया है। हम पिछड़ों को लेकर आवाज उठाते हैं, ये बात उन्हें पसंद नहीं है। इसलिए ये आरोप लगाए गए हैं। राजभर सोमवार को एमपी-एमएलए कोर्ट में अपने दोनों बेटों के साथ पेश हुए। बाद में उन्हें जमानत मिल गई। यह मामला साल 2022 के विधानसभा चुनाव के समय का है। उन पर गांव समाज की जमीन को अवैध रूप से कब्जा का आरोप है। ओमप्रकाश राजभर ने कहा कि यूपी में नगर निकाय में जहां-जहां उनकी पार्टी मजबूत है। वहां अकेले दम पर प्रत्याशी उतारेंगे। उन्होंने साफ किया कि अभी लोकसभा के लिए किसी से गठबंधन नहीं है। गाजीपुर के सांसद अफजाल अंसारी और उनके भाई मुख्तार अंसारी से भी अपने संबंधों को राजभर ने स्वीकारते हुए कहा कि उनकी पार्टी में आने से पहले अब्बास या अंसारी परिवार के ऊपर जो मुकदमे थे, उन्हीं पर कार्रवाई हो रही है। उन्होंने कहा कि जनप्रतिनिधियों के खिलाफ कोर्ट से हो रही सजा चाहे वो अफजाल अंसारी हो, मुख्तार अंसारी हो या राहुल गांधी सरीखे नेता हो, सही नहीं मानते। उनका मानना है कि अगर नेता जनप्रतिनिधि है तो वह जनता के लिए लड़ेगा। ऐसे में उसके ऊपर अगर मुकदमा हो जाए और उसे सजा हो जाए तो यह कानून लोकतांत्रिक व्यवस्था में ठीक नहीं है। उन्होंने समाजवादी पार्टी और बहुजन समाज पार्टी पर जमकर हमला बोला और कहा कि यह दोनों पार्टियों की जब सरकार थीं तो इन लोगों ने गरीबों, दलितों और मजदूरों का हक नहीं दिया। आज सब पिछड़ों, दलितों और पसमांदा मुस्लिमों की बात वोट लेने के लिए कर रहे हैं। उन्होंने भारतीय जनता पार्टी से गठबंधन की बात पर कहा कि गठबंधन दिल्ली से तय होता है। उन्होंने स्वीकार किया कि भाजपा में उनके बृजेश पाठक और केशव प्रसाद मौर्या सरीखे दर्जनों नेताओं से अच्छे संबंध हैं। लेकिन गठबंधन किससे करेंगे यह अभी तय नहीं है। उन्होंने लोकसभा चुनावों में अपने वोट बैंक की ताकत बताते हुए कहा कि हमने बीजेपी के साथ गठबंधन किया तो उसे भी वोट दिलवाया और सपा के साथ किया तो उसे भी वोट दिलवाया इसलिए लोकसभा में वो जिसकी जितनी भागीदारी उसकी उतनी भागीदारी के तर्ज पर सीट मांगेंगे।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें