गाजीपुर। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के अध्यक्ष/जनपद न्यायाधीश के निर्देश पर जिला कारागार में सजायाफ्ता बंदियों को विधिक रूप से जागरूक करने के लिए सोमवार को विधिक जागरूकता शिविर का आयोजन किया गया है। शिविर में जेल विजिटर/पैनल अधिवक्ता घनश्याम लाल श्रीवास्तव ने बताया कि सजायाफ्ता बंदी होने से व्यक्ति के मूल अधिकार समाप्त नहीं होते। बंदियों को हर तरह से नि:शुल्क विधिक सहायता पाने का कानूनी अधिकार है। सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकरण सुनील कुमार ने बंदियों को विस्तार से जमानत तथा प्ली बारगेनिंग के प्रावधानों के विषय पर विस्तार से जानकारी दी। जिन बंदियों के पास अधिवक्ता नही हैं, उनको जल्द से जल्द सरकारी खर्चे पर अधिवक्ता मुहैया कराने की बात कही, जो उनके मुकदमे की पैरवी नि:शुल्क करेंगे। शिविर में जेल अधीक्षक, डिप्टी जेलर, जेल कर्मचारी एवं विधिक सहायता प्रकोष्ठ की अधिवक्ता खुर्शीदा बानो उपस्थित रहीं।