मंगलपुर थाना क्षेत्र में 12 साल पहले हुई गोली मारकर हत्या के मामले में कोर्ट ने दो आरोपियों को दोषी करार देते आजीवन कारावास और 20-20 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई। जबकि, चार को साक्ष्य के अभाव में बरी कर दिया। एडीजीसी लाल मोहम्मद ने बताया कि मंगलपुर थाना क्षेत्र के लउवा सिंह की मड़ैया गांव के पास 31 अगस्त 2005 को चित्तानिवादा गांव रसूलाबाद के श्याम किशोर मिश्रा की गोली मारकर हत्या की गई थी। मामले में श्याम किशोर के भाई चंद्र किशोर मिश्रा ने गांव के ही सुशील कुमार, बनीपारा रूरा के मक्कर उर्फ भूपेंद्र सिंह, ऊगा के सत्येंद्र सिंह, गंजनधौवा के मंगल तथा सुनाथा गांव के हरीबाबू और शिवबाबू पर हत्या की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। मामले की सुनवाई एडीजे पंचम बाबू प्रसाद की अदालत में चल रही थी। इस बीच मामले की सीबीसीआईडी से जांच हुई तो आरोपी सत्येंद्र सिंह और मंगल सिंह का नाम निकाल दिया गया, लेकिन अदालत ने उन्हें फिर से तलब कर सुनवाई में शामिल किया। सुनवाई पूरी होने के बाद बुधवार को सुशील कुमार और मक्कर उर्फ भूपेंद्र सिंह को हत्या में दोषी करार देते हुए आजीवन कारावास और बीस-बीस हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई गई। जबकि, इसी मामले में चार अन्य आरोपियों को अदालत ने साक्ष्य के अभाव में दोषमुक्त कर दिया।