चचेरे भाई के तिलक समारोह में शामिल होने के बाद देर रात मामा के घर जा रहे पिता व पुत्र को ट्रक ने रौंद दिया। दोनों की मौके पर मौत हो गई।
डेरापुर थाने के गांव मुंगीसापुर निवासी शिवकास (30) कई वर्षों से दिल्ली में परिवार समेत रहता है। शनिवार सुबह वह अपने पुत्र विक्की (3) के साथ चचेरे भाई कल्लू के तिलक में शामिल होने पैतृक गांव मुंगीसापुर आया। तिलक के बाद रात करीब 11 बजे वह दिल्ली लौटने के लिए बस पर सवार हुआ लेकिन रास्ते में विचार बदल गया और अपने मामा राजकिशोर निवासी कांधी के घर जाने की बात बताई।
कांधी गांव के सामने हाइवे पर बस से उतरकर वह पैदल सड़क पार करने लगा। उसी समय कांधी पुलिया के पास ट्रक ने दोनों को रौंद दिया। बाद में पुलिस पहुंची और मोबाइल से परिजनों को सूचना दी। परिजनों ने बताया कि शिवकास के परिवार में पत्नी गीता, बड़ा पुत्र व एक पुत्री है, जो इस समय दिल्ली में हैं। शिवकास के भाई सुभाष चंद्र ने अज्ञात चालक के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई है। पुलिस ने बताया कि ट्रक वाला भाग निकला।